Edited By Himansh sharma, Updated: 16 Oct, 2026 02:32 PM

मध्य प्रदेश की राजनीति में पूर्व गृहमंत्री और भाजपा के वरिष्ठ नेता नरोत्तम मिश्रा की दिल्ली में हुई मुलाकात ने एक बार फिर सियासी चर्चाओं को हवा दे दी है।
भोपाल। मध्य प्रदेश की राजनीति में पूर्व गृहमंत्री और भाजपा के वरिष्ठ नेता नरोत्तम मिश्रा की दिल्ली में हुई मुलाकात ने एक बार फिर सियासी चर्चाओं को हवा दे दी है। नरोत्तम मिश्रा ने राजधानी दिल्ली में भाजपा के मध्य प्रदेश प्रभारी बिप्लब कुमार देब से मुलाकात कर उनका मार्गदर्शन प्राप्त किया। इस मुलाकात के बाद प्रदेश के राजनीतिक गलियारों में उनके अगले राजनीतिक कदम और पार्टी में संभावित भूमिका को लेकर अटकलें तेज हो गई हैं।
नरोत्तम मिश्रा मध्य प्रदेश भाजपा के उन वरिष्ठ नेताओं में शामिल हैं, जो लंबे समय तक प्रदेश की राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते रहे हैं। ऐसे में पार्टी के प्रदेश प्रभारी से उनकी मुलाकात को राजनीतिक नजरिए से देखा जा रहा है। हालांकि, इस मुलाकात के दौरान किन मुद्दों पर चर्चा हुई और इसका कोई विशेष राजनीतिक उद्देश्य था या नहीं, इस बारे में फिलहाल आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।
बड़ी जिम्मेदारी मिलने की अटकलें क्यों?
नरोत्तम मिश्रा की राजनीतिक भूमिका को लेकर पहले भी कई बार चर्चाएं होती रही हैं। दतिया विधानसभा सीट से उपचुनाव में उन्हें भाजपा का टिकट नहीं मिला था। इसके बाद से ही उनके राजनीतिक भविष्य और संगठन में संभावित जिम्मेदारी को लेकर कयास लगाए जाते रहे हैं।
अब दिल्ली में मध्य प्रदेश प्रभारी बिप्लब कुमार देब से उनकी मुलाकात ने इन चर्चाओं को फिर से चर्चा में ला दिया है। राजनीतिक हलकों में सवाल उठ रहा है कि क्या भाजपा नेतृत्व नरोत्तम मिश्रा को संगठन या किसी अन्य स्तर पर नई जिम्मेदारी देने की तैयारी में है, या यह मुलाकात सामान्य राजनीतिक संवाद और मार्गदर्शन का हिस्सा थी।
वरिष्ठ नेताओं से मुलाकात पर टिकी नजरें
नरोत्तम मिश्रा की वरिष्ठ भाजपा नेताओं से मुलाकातों को लेकर राजनीतिक जानकारों की नजर बनी हुई है। भाजपा में संगठनात्मक जिम्मेदारियों और नेताओं की भूमिका को लेकर समय-समय पर बदलाव होते रहते हैं। ऐसे में वरिष्ठ नेताओं के बीच होने वाली बैठकों को लेकर चर्चाएं स्वाभाविक हैं।
हालांकि, केवल एक मुलाकात के आधार पर किसी नई जिम्मेदारी का निष्कर्ष निकालना जल्दबाजी होगी। भाजपा नेतृत्व की ओर से नरोत्तम मिश्रा को लेकर किसी नई भूमिका की आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।
फिलहाल दिल्ली में हुई इस मुलाकात के बाद सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या नरोत्तम मिश्रा को आने वाले समय में कोई अहम जिम्मेदारी सौंपी जाएगी, या उनकी राजनीतिक भूमिका पहले की तरह ही जारी रहेगी। इन सवालों के जवाब के लिए अब पार्टी के अगले कदम और आधिकारिक संकेतों पर नजर रहेगी।