राज्य के इस IAS अफसर को केंद्र में मिली बड़ी जिम्मेदारी, अब संभालेंगे अहम पद!

Edited By Himansh sharma, Updated: 10 Oct, 2026 06:37 PM

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छत्तीसगढ़ कैडर के वरिष्ठ आईएएस अधिकारी अय्याज फकीरभाई तंबोली को केंद्र सरकार में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है।

रायपुर। छत्तीसगढ़ कैडर के वरिष्ठ आईएएस अधिकारी अय्याज फकीरभाई तंबोली को केंद्र सरकार में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है। वर्ष 2009 बैच के आईएएस अधिकारी तंबोली को कैबिनेट सचिवालय में संयुक्त सचिव (जॉइंट सेक्रेटरी) नियुक्त किया गया है। उनकी नियुक्ति को केंद्र में प्रशासनिक स्तर पर एक अहम बदलाव के रूप में देखा जा रहा है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, कैबिनेट की नियुक्ति समिति ने तंबोली की नियुक्ति के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। वह वर्तमान में कैबिनेट सचिवालय में निदेशक के पद पर कार्यरत हैं। नई जिम्मेदारी के तहत उनका कार्यकाल पांच साल के लिए निर्धारित किया गया है। यह नियुक्ति 20 मार्च 2029 तक या अगले आदेश तक प्रभावी रहेगी। इस पद पर वह कर्नाटक कैडर के 1999 बैच के आईएएस अधिकारी एम.एस. श्रीकर का स्थान लेंगे।

UPSC में हासिल की 75वीं रैंक

अय्याज फकीरभाई तंबोली प्रशासनिक सेवाओं में अपने अनुभव और विभिन्न जिलों में किए गए कार्यों के लिए पहचाने जाते हैं। उनका जन्म 23 दिसंबर 1981 को हुआ था। उन्होंने संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा परीक्षा अपने दूसरे प्रयास में उत्तीर्ण की और 75वीं रैंक हासिल की।

भारतीय प्रशासनिक सेवा में चयन के बाद उन्हें छत्तीसगढ़ कैडर आवंटित किया गया। राज्य में उनकी शुरुआती जिम्मेदारियों में जगदलपुर नगर निगम के आयुक्त का पद शामिल रहा। इसके अलावा उन्होंने अनुविभागीय अधिकारी (SDM) के रूप में भी सेवाएं दीं।

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बस्तर से लेकर बीजापुर तक संभाली अहम जिम्मेदारियां

तंबोली का प्रशासनिक सफर छत्तीसगढ़ के कई महत्वपूर्ण जिलों और विभागों से जुड़ा रहा है। वर्ष 2013 में उन्हें दुर्ग जिला पंचायत का मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) बनाया गया। इसके बाद वर्ष 2014 में उन्होंने राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन के प्रबंध संचालक (MD) के रूप में जिम्मेदारी संभाली।

अप्रैल 2016 में वह पहली बार बीजापुर जिले के कलेक्टर नियुक्त हुए। इसके बाद 10 अगस्त 2018 से उन्होंने बस्तर जिले के कलेक्टर के रूप में कार्यभार संभाला। इन पदों पर रहते हुए उन्हें जिला प्रशासन, ग्रामीण विकास और स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर काम करने का अवसर मिला।

तंबोली छत्तीसगढ़ की तत्कालीन कांग्रेस सरकार की महत्वाकांक्षी योजना ‘नरवा, गरुवा, घुरुवा, बाड़ी’ से भी जुड़े रहे। इस योजना के तहत ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने, जल संरक्षण, पशुधन संवर्धन और जैविक खेती को प्रोत्साहित करने पर जोर दिया गया था। तंबोली ने इस दौरान विशेष सचिव के रूप में भी जिम्मेदारी निभाई।

स्वास्थ्य सेवाओं के लिए मिल चुका है सम्मान

बीजापुर में कलेक्टर के रूप में कार्यकाल के दौरान स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए किए गए प्रयासों के लिए डॉ. अय्याज फकीरभाई तंबोली को प्रतिष्ठित रामनाथ गोयनका फाउंडेशन की ओर से ‘एक्सीलेंस इन गवर्नेंस अवॉर्ड’ से सम्मानित किया गया था। यह सम्मान उनके प्रशासनिक कार्यों और स्वास्थ्य क्षेत्र में किए गए प्रयासों से जुड़ा रहा।

केंद्र में नई भूमिका पर रहेंगी निगाहें

छत्तीसगढ़ में जिला प्रशासन से लेकर स्वास्थ्य विभाग और राज्य सरकार की महत्वपूर्ण योजनाओं तक काम करने का अनुभव रखने वाले तंबोली अब कैबिनेट सचिवालय में संयुक्त सचिव के रूप में जिम्मेदारी निभाएंगे। उनकी नियुक्ति के साथ ही राज्य के प्रशासनिक गलियारों में भी यह खबर चर्चा में है।

केंद्र सरकार में इस नई भूमिका के दौरान उनके प्रशासनिक अनुभव का उपयोग राष्ट्रीय स्तर पर महत्वपूर्ण कार्यों में किया जाएगा। छत्तीसगढ़ कैडर के अधिकारी को कैबिनेट सचिवालय में मिली यह जिम्मेदारी उनके सेवा करियर का एक महत्वपूर्ण पड़ाव मानी जा रही है।

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