Edited By Desh sharma, Updated: 18 Nov, 2025 06:13 PM

छतरपुर से मानव संवेदना को तार-तार करने वाला एक शर्मनाक वाक्या सामने आया है। गर्भवती महिला के साथ ऐसा व्यवहार सामने आया है जो सभ्य समाज से स्वीकार नहीं किया जा सकता। दरअसल एक प्रसूता ने नवजात बच्चे को अस्पताल परिसर में ही खुले में जन्म दे दिया।
छतरपुर (राजेश चौरसिया): छतरपुर से मानव संवेदना को तार-तार करने वाला एक शर्मनाक वाक्या सामने आया है। गर्भवती महिला के साथ ऐसा व्यवहार सामने आया है जो सभ्य समाज से स्वीकार नहीं किया जा सकता। दरअसल एक प्रसूता ने नवजात बच्चे को अस्पताल परिसर में ही खुले में जन्म दे दिया। प्रसव होने का नजारा लोग बेशर्मी से देखते रहे लेकिन मदद के लिए किसी ने हाथ नहीं बढ़ाया।
फिर कुछ महिलाओं ने समय और स्थिति की नजाकत को समझते हुए साड़ी का पर्दा करके महिला का प्रसव कराया और खुले आकाश के नीचे ही बच्चे का जन्म हुआ । इस वाक्या के बाद जिला अस्पताल की व्यवस्थाओं पर गम्भीर सवाल खड़े हो रहे हैं । आखिर अस्पताल परिसर में प्रसव होने के बाद भी समय पर स्टाफ क्यों नहीं पहुचा। आखिर एक गर्भवती मां और उसके नवजात बच्चे के लिए भी अस्पताल स्टाफ की संवेदनाएं नहीं जागीं। सवाल तो कई हैं लेकिन जवाब एक भी नहीं है