Edited By Himansh sharma, Updated: 04 Oct, 2026 12:09 PM

मध्य प्रदेश के उज्जैन में शाही मस्जिद मामले को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है।
उज्जैन (विशाल ठाकुर): मध्य प्रदेश के उज्जैन में शाही मस्जिद मामले को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है। शनिवार को भोपाल से कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद उज्जैन पहुंचे। यहां उन्होंने सबसे पहले शाही मस्जिद के पूर्व सदर अरशद खान के घर पहुंचकर उनके परिजनों से मुलाकात की और उन्हें सांत्वना दी। इसके बाद विधायक मसूद पुलिस कंट्रोल रूम पहुंचे, जहां उन्होंने कलेक्टर रोशन कुमार सिंह, पुलिस अधीक्षक प्रदीप शर्मा और आईएएस प्रथम कौशिक के साथ बैठक की।
बैठक के दौरान आरिफ मसूद ने शाही मस्जिद की मीनार गिरने के मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग उठाई। उन्होंने कहा कि मस्जिद के जिस हिस्से को नुकसान पहुंचा है, उसकी जांच कराई जाए और क्षतिग्रस्त हिस्से का दोबारा निर्माण कराया जाए। साथ ही उन्होंने पुलिस की कार्रवाई और धरपकड़ पर रोक लगाने की मांग भी की।
मीडिया से चर्चा करते हुए विधायक आरिफ मसूद ने कहा कि वहां शांतिपूर्ण तरीके से धरना चल रहा था, लेकिन आपसी संवाद की कमी (मिसकम्युनिकेशन) के कारण विवाद की स्थिति पैदा हुई। उन्होंने दावा किया कि दुकानों के ऊपर के हिस्से को हटाने की कार्रवाई की जा रही थी, न कि मस्जिद के हिस्से को हटाया जा रहा था।
शहर काजी के घर पर हुए पथराव की घटना को लेकर आरिफ मसूद ने कहा कि इस तरह की घटना नहीं होनी चाहिए थी। उन्होंने शहर काजी से अपील की कि वे संबंधित युवकों को माफ कर दें। साथ ही युवकों से भी कहा कि वे शहर काजी से मुलाकात कर अपनी बात रखें। मसूद ने स्पष्ट किया कि मस्जिद से जुड़े मामले में किसी भी कमेटी को एक-दूसरे के खिलाफ बयानबाजी नहीं करनी चाहिए।
इस दौरान विधायक ने स्थानीय कांग्रेस नेताओं की गैरमौजूदगी पर भी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि इस मामले में स्थानीय नेताओं का साथ नहीं मिलना अफसोसजनक है। इसकी शिकायत वे कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष और प्रदेश प्रभारी से करेंगे।
पथराव की घटना पर दोबारा अपनी बात रखते हुए मसूद ने कहा कि कुछ युवक गुस्से में थे और आपसी संवाद की कमी के चलते विवाद बढ़ गया। उन्होंने कहा कि अब माहौल शांतिपूर्ण है। साथ ही उन्होंने पूरे घटनाक्रम के दौरान शांति बनाए रखने के लिए मुस्लिम समाज का आभार जताया।