Edited By Himansh sharma, Updated: 28 Mar, 2026 04:10 PM

भीषण गर्मी के साथ जल संकट अब ग्रामीण क्षेत्रों में विकराल रूप लेने लगा है।
धमधा (हेमंत पाल): भीषण गर्मी के साथ जल संकट अब ग्रामीण क्षेत्रों में विकराल रूप लेने लगा है। गिरते भू-जल स्तर को देखते हुए प्रशासन ने नए बोर खनन पर सख्त प्रतिबंध लगाया है, लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है। नियमों के विपरीत धमधा क्षेत्र में खुलेआम अवैध बोर खनन का खेल जारी है।
बताया जा रहा है कि धमधा इलाके में रात के अंधेरे से लेकर दिन के उजाले तक बेधड़क बोर खनन किया जा रहा था। स्थानीय लोगों की शिकायतों के बाद आखिरकार प्रशासन हरकत में आया और मौके पर दबिश दी गई।
एसडीएम धमधा के निर्देश पर नायब तहसीलदार टीम के साथ घटनास्थल पहुंचे और खनन में लगी गाड़ी (क्रमांक CG 06 M 164) को जब्त कर लिया। जब्त वाहन को आगे की कार्रवाई के लिए धमधा थाने में खड़ा कराया गया है, जहां मामले की विधिवत जांच जारी है।
हालांकि, इस पूरी कार्रवाई को लेकर प्रशासन की ओर से अब तक कोई अधिकृत बयान सामने नहीं आया है, जिससे कई तरह के सवाल उठने लगे हैं। सूत्रों के मुताबिक, एसडीएम सोनल डेविड का मोबाइल भी बंद बताया जा रहा है, जिसके चलते राजनीतिक दबाव की चर्चाएं जोर पकड़ रही हैं।
सबसे अहम सवाल यह है कि जब प्रशासन ने खुद प्रतिबंध लागू किया है, तो क्या उसका सख्ती से पालन सुनिश्चित हो पाएगा? या फिर अवैध खनन का यह सिलसिला यूं ही चलता रहेगा?जल संकट के इस दौर में अवैध बोर खनन न केवल नियमों की अनदेखी है, बल्कि आने वाले समय में पानी की भयावह किल्लत को और गहरा सकता है। ऐसे में प्रशासन की अगली कार्रवाई और सख्ती पर अब पूरे क्षेत्र की नजरें टिकी हुई हैं।