Edited By meena, Updated: 31 Jan, 2026 12:21 PM

छतरपुर जिले के बिजावर थाना क्षेत्र अंतर्गत रानीताल/अंधियारा गांव में 16 साल के छात्र अरमान सिंह की जहर खाने से मौत हो गई। अरमान कक्षा 11वीं का छात्र था वह पढ़ाई में काफ़ी होशियार था और आगामी 10 फरवरी से उसके एग्जाम शुरू होने वाले थे...
छतरपुर (राजेश चौरसिया) : छतरपुर जिले के बिजावर थाना क्षेत्र अंतर्गत रानीताल/अंधियारा गांव में 16 साल के छात्र अरमान सिंह की जहर खाने से मौत हो गई। अरमान कक्षा 11वीं का छात्र था वह पढ़ाई में काफ़ी होशियार था और आगामी 10 फरवरी से उसके एग्जाम शुरू होने वाले थे।
परिजन बोले
परिजनों के मुताबिक, सुबह करीब 5 बजे उसने अपने बड़े पापा से कहा—“बड़े पापा मुझे बचा लो, मैंने दवाई खा ली है, मैं मरना नहीं चाहता,” और यह कहते ही वह बेहोश हो गया। परिजन उसे तत्काल बिजावर अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां से हालत गंभीर होने पर जिला अस्पताल छतरपुर रेफर किया गया। यहां इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया।
सुबह 5 बजे बिगड़ी तबीयत
परिजनों ने बताया कि अरमान रात करीब 10 बजे घर में लगी चक्की चलाने के बाद सो गया था। सुबह उठते ही उसने बेचैनी की शिकायत की और अपने बड़े पापा को पूरी बात बताई। समय की नजाकत को समझते हुए परिवार ने बिना देरी किए उसे अस्पताल पहुंचाया, लेकिन उसकी जान नहीं बचाई जा सकी।
बचपन में पिता का साया उठा
अरमान के पिता नरेंद्र सिंह का निधन उसके बचपन में ही हो गया था। इसके बाद मां ने ही उसे बड़े नाजों से पाला। बेटे की मौत से मां का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार में मातम पसरा है और गांव में सन्नाटा छाया हुआ है।

‘वजह नहीं बता पाया’—बड़े पापा
अरमान के ताऊ (बड़े पापा) जीतेंद्र सिंह ने बताया कि वह सुबह उठकर उनके पास आया और गर्मी लगने की बात कहते हुए दवाई खाने की जानकारी दी। पूछने पर वह वजह स्पष्ट नहीं कर पाया। उन्होंने बताया कि परिवार को शक है कि अरमान ने चारे में इस्तेमाल होने वाली दवाई खाई थी।
मोबाइल की जांच होगी
परिजनों का कहना है कि अरमान एंड्रॉयड मोबाइल इस्तेमाल करता था। मौत की वजह जानने के लिए मोबाइल की जांच कराई जाएगी, ताकि किसी तरह का सुराग मिल सके। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।