Edited By Desh Raj, Updated: 24 May, 2026 07:07 PM

मध्यप्रदेश के ग्वालियर जिले से एक ऐसा मामला सामने आया है जो काफी हैरान करने वाला है। जैसे ही इस मामले का खुलासा हुआ हर कोई दंग रह गया। दरअसल यहां एक पति ने अपनी ही पत्नी का कन्यादान करके दूसरे शख्स से शादी करवा दी।
(ग्वालियर): मध्यप्रदेश के ग्वालियर जिले से एक ऐसा मामला सामने आया है जो काफी हैरान करने वाला है। जैसे ही इस मामले का खुलासा हुआ हर कोई दंग रह गया। दरअसल यहां एक पति ने अपनी ही पत्नी का कन्यादान करके दूसरे शख्स से शादी करवा दी।
दरअसल ये शादी एक साजिश थी जो लूट और बेईमानी के इरादे से की गई थी। शादी के नाम पर ठगने का षडयंत्र था।लेकिन जिस युवक के साथ ये शादी कराई गई उसकी किस्मत अच्छी रही कि समय रहते सारे फर्जीवाड़े का पता चल गया और वो बर्बाद होने से बच गया।
पत्नी के सच का पता चला तो उसके भी पैरों तले जमीन खिसक गई। पत्नी को पकड़कर थाने ले जाकर पुलिस के हवाले कर दिया गया। पत्नी का कन्यादान करने वाला आरोपी असली पति और रिश्तेदार बनने वाले लोग फरार हैं।
रतन शर्मा शादी के लिए ढूंढ रहा था लड़की
जानकारी के मुताबिक झांसी रोड थाना क्षेत्र के नाका चंद्रवदनी इलाके में रहने वाले रतन शर्मा शादी के लिए लडकी की तलाश कर रहे थे। वो एक निजी हॉस्पिटल में टीम लीडर है। ये बात रतन के पड़ोस में रहने वाले सोनू तिवारी को पता चली तो उसने सारा खेल खेला। उसने रतन के भाई से कहा कि मुरैना में उसका दोस्त अजय चौहान है, वो अपनी मुंहबोली बहन राधा उर्फ दीक्षा मुदगल के लिए लड़का देख रहा है। सोनू ने ऐसा कहने पर रतन का भाई अपनी मां के साथ लड़की देखने के लिए चला गया।
घरवालों को लड़की पसंद आ गई। 27 अप्रैल को गोद भराई की रस्म हुई, अजय चौहान ने खुद को अपनी पत्नी यानिकि दीक्षा का मुंहबोला भाई बताकर गोद भराई की रस्म की। 7 मई को शादी हो गई। राधा के पति यानिकि अजय चौहान ने भाई बनकर उसका कन्यादान किया। शादी में करीब 7 लाख खर्च हुए थे।
चैट से खुला सारी साजिश का राज

शादी के बाद रतन दीक्षा को घर लेकर पहुंचा। लेकिन दीक्षा अक्सर मोबाइल पर किसी से चैट करती रहती थी। रतन को इस व्यव्हार से शक हुआ, उसने दीक्षा का मोबाइल चेक किया तो पैरों तले जमीन खिसक गई। दीक्षा जिससे चैट करती है वो वही अजय चौहान है जिसने उसका मुंहबोला भाई बनकर कन्यादान किया था। मतलब की उसका असली पति है। दोनों ने 2024 में आगरा के मंदिर में प्रेम विवाह किया था।
गहनों और पैसों को लेकर फरार होने वाली थी दीक्षा
इस खौफनाक सच का पता चलते ही रतन ने परिवार ने दीक्षा को पकड़कर पुलिस थाने पहुंचाया। दीक्षा का इरादा शादी के बाद नकदी और जेवरात लेकर भागने का था। लिहाजा शिकायत पर पुलिस ने 7 आरोपियों पर केस दर्ज किया है और जालसाजों की गिरफ्तारी के लिए टीमें दबिश दे रही हैं।