Edited By Himansh sharma, Updated: 30 Sep, 2026 01:06 PM

मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले के आदिवासी क्षेत्र बैहर में बीमारी के प्रकोप से बैगा बच्चों की मौत का मामला अब सियासी मुद्दा बनता जा रहा है।
बालाघाट। (हरिश लिल्हारे): मध्य प्रदेश के बालाघाट जिले के आदिवासी क्षेत्र बैहर में बीमारी के प्रकोप से बैगा बच्चों की मौत का मामला अब सियासी मुद्दा बनता जा रहा है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी 1 अक्टूबर को बालाघाट जिले के दौरे पर पहुंचेंगे। इस दौरान वे बैहर के ग्राम जगला पहुंचकर बीमारी के प्रकोप से जान गंवाने वाले बैगा बच्चों के माता-पिता और परिजनों से मुलाकात करेंगे।
बालाघाट कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष और बैहर विधायक संजय उइके ने राहुल गांधी के दौरे की जानकारी देते हुए बताया कि नेता प्रतिपक्ष 1 अक्टूबर को आदिवासी क्षेत्र के ग्राम जगला पहुंचेंगे। यहां वे क्षेत्र में बीमारी के प्रकोप से हुई बैगा बच्चों की मौत के मामले की जानकारी लेंगे और प्रभावित परिवारों से मुलाकात करेंगे।
बताया जा रहा है कि बैहर क्षेत्र के बिरसा ब्लॉक के ग्राम अडोरी, कुंडेकसा, मछुरदा सहित कई बैगा गांवों में बीमारी के प्रकोप से बड़ी संख्या में बच्चों की मौत हुई है। कांग्रेस की ओर से करीब 42 बैगा बच्चों की मौत का दावा किया जा रहा है। हालांकि, मौतों की वास्तविक संख्या और उनके कारणों को लेकर आधिकारिक स्तर पर सामने आने वाली जानकारी महत्वपूर्ण होगी।
राहुल गांधी अपने दौरे के दौरान बीमारी के फैलने के कारणों, क्षेत्र में स्वास्थ्य सुविधाओं की स्थिति और प्रभावित परिवारों को मिले सरकारी मुआवजे सहित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा कर सकते हैं। इसके अलावा आदिवासी बैगा समुदाय की सामाजिक और आर्थिक स्थिति तथा क्षेत्र के विकास से जुड़े मुद्दों को भी उठाए जाने की संभावना है।
कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि बैगा क्षेत्र में विकास और स्वास्थ्य सुविधाओं के नाम पर करोड़ों रुपये खर्च किए जाने के बावजूद जमीनी स्तर पर लोगों को पर्याप्त सुविधाएं नहीं मिल रही हैं। राहुल गांधी के दौरे के दौरान इन आरोपों और स्थानीय लोगों की समस्याओं को भी प्रमुखता से उठाए जाने की संभावना है।
बैगा बच्चों की मौत का मामला जून, जुलाई और अगस्त के दौरान सामने आने के बाद प्रदेश की राजनीति में भी हलचल बढ़ी थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव सहित प्रदेश सरकार के कई मंत्री और राष्ट्रीय स्तर के आयोगों के प्रतिनिधि भी आदिवासी अंचल का दौरा कर चुके हैं।
अब राहुल गांधी के बालाघाट दौरे को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। कांग्रेस इस मामले को राष्ट्रीय स्तर पर उठाने की तैयारी में है। ऐसे में यह भी चर्चा है कि राहुल गांधी बच्चों की मौत और आदिवासी क्षेत्र में स्वास्थ्य सुविधाओं से जुड़े मुद्दों को केंद्र और मध्य प्रदेश सरकार के सामने प्रमुखता से उठा सकते हैं।