Edited By Desh Raj, Updated: 05 Apr, 2026 04:36 PM

मध्यप्रदेश में जिस चीज का बहुत लंबे समय से इंतजार किया जा रहा है वो है राजनीतिक नियुक्तियां...जी हां निगम-मंडलों और प्राधिकरणों में नियुक्तियों की सूची जारी होने का लगातार इंतजार किया जा रहा है। नियुक्तियों के चाहवानों की धड़कने आए दिन के साथ तेज हो...
(भोपाल): मध्यप्रदेश में जिस चीज का बहुत लंबे समय से इंतजार किया जा रहा है वो है राजनीतिक नियुक्तियां...जी हां निगम-मंडलों और प्राधिकरणों में नियुक्तियों की सूची जारी होने का लगातार इंतजार किया जा रहा है। नियुक्तियों के चाहवानों की धड़कने आए दिन के साथ तेज हो रही हैं।
पहले सीएम मोहन यादव और बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल का दिल्ली दौरा नियुक्तियों को लेकर धड़कने बढ़ाता रहा। लेकिन अब सीएम मोहन यादव और BJP प्रदेशाध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल की केंद्रीय मंत्री शिवराजसिंह चौहान से मुलाकात की खबर ने फिर हलचल तेज कर दी है। शिवराज चौहान से मोहन यादव और खंडेलवाल की मुलाकात के गहरे मायने निकाले जा रहे हैं।
नियुक्तियों के लेकर लंबे समय से किया जा रहा है इंतजार
मध्य प्रदेश में जब बड़ी संख्या में राजनीतिक नियुक्तियां होनी है, और निगमों बोर्डों में स्थान पाने वाले नेता लगातार अपने नाम पर मुहर लगता देखना चाहते हैं। वैसे सूची तैयार हो चुकी है लेकिन बीजेपी के ही दिग्गज नेता इनमें अपने समर्थकों की सीट पक्की करना चाहते हैं। क्योंकि पहले खबर ये आई थी कि ज्योतिरादित्य सिंधिया अपने 5 समर्थकों के नाम चाहते हैं।इसलिए लिस्ट के ऐलान पर ब्रेक लग गई थी।
शिवराज चौहान की एक साथ CM और प्रदेश अध्यक्ष से मुलाकात मानी जा रही कुछ अलग
अब ऐसे समय में मुख्यमंत्री मोहन यादव और प्रदेश के भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल की पूर्व सीएम और केंद्रीय मंत्री शिवराजसिंह चौहान Shivraj singh chauhan से मुलाकात के गहरे अर्थ निकाले जा रहे हैं। वैसे भी गौर करने वाली बात है कि शिवराजसिंह चौहान की आमतौर पर एक ही दिन में सीएम मोहन यादव और हेमंत खंडेलवाल से मुलाकात कोई सामान्य मुलाकात नहीं है। ये मुलाकात ऐसे वक्त हुई है जब सीएम दिल्ली गए थे। लेकिन इसी बीच केंद्रीय मंत्री शिवराजसिंह चौहान से सीएम मोहन और खंडेलवाल की मुलाकात ने अंदरूनी हलचल तेज कर दी है।
वैसे बताया जा रहा है कि निगम, मंडलों व प्राधिकरणों में नियुक्तियों के लिए बीजेपी नेताओं के नामों की हाईकमान की मंजूरी मिल चुकी है और किसी भी वक्त इसकी घोषणा की जा सकती है।