Edited By Desh Raj, Updated: 01 Jun, 2026 11:47 PM

मध्य प्रदेश में राज्यसभा चुवावों को लेकर सरगरर्मियां तेज हैं। भाजपा और कांग्रेस अपनी अपनी रणनीति बनाने में व्यस्त हैं।
(भोपाल): मध्य प्रदेश में राज्यसभा चुवावों को लेकर सरगरर्मियां तेज हैं। भाजपा और कांग्रेस अपनी अपनी रणनीति बनाने में व्यस्त हैं। राज्य की तीन सीटें खाली हो रही हैं और इन सीटों पर 18 जून को वोटिंग होनी है। अभी बीजेपी के पास दो और एक कांग्रेस के पास एक सीट है। दो सीटों पर बीजेपी की जीत तय है। जबकि कोई खेला नहीं हुआ तो कांग्रेस अपनी सीट जीत सकती है। अब दावा किया जा रहा है कि राज्य में बीजेपी केवल दो सीटों पर ही अपने उम्मीदवार उतारेगी। जानकारी आ रही है कि बीजेपी फिलहाल तीसरी सीट पर अपना प्रत्याशी नहीं देने जा रही है।
केंद्रीय नेतृत्व ने भी इस सीट पर उम्मीदवार को लेकर बयानबाजी न करने दी सलाह
आपको बता दें कि केंद्रीय नेतृत्व ने भी राज्य की तीसरी सीट पर उम्मीदवार उतारने को लेकर किसी भी तरह की बयानबाजी से बचने की नसीहत दे रहा है। पहले कयास लगाए जा रहे थे कि राज्य में चल रहे सियासी घमासान और कांग्रेस विधायकों के कोर्ट में लंबित मामलों को लेकर बीजेपी तीसरा उम्मीदवार उतार सकती है। लेकिन अब बताया जा रहा है कि बीजेपी राज्य की तीसरी सीट पर उम्मीदवार नहीं उतारेगी।
प्रदेश में बीजेपी के पास 164 सीटें
प्रदेश में 230 विधानसभा सीटें हैं, जिनमें बीजेपी के पास 164 सीटें हैं। 64 सीटें कांग्रेस के पास हैं। राज्यसभा की एक सीट पर जीत के लिए 58 वोट चाहिए, लेकिन दो सीटों पर जीत के बाद बीजेपी के पास 48 सीटें बचेंगी। जबकि कांग्रेस के पास 64 हैं।
अब बीजेपी का तीसरा उम्मीदवार नहीं उतारने की पीछे का मुख्य कारण संख्याबल का गणित है । तीसरी सीट जीतने के लिए 58 वोटों की जरुरत है। बीजेपी अगर तीसरी सीट पर उम्मीदवार उतारती है तो जीत के लिए कांग्रेस खेमे से विधायकों का समर्थन चाहिए। लिहाजा इस सारी स्थिति को देखते हुए बीजेपी तीसरा प्रत्याशी उतारने से बच रही है।