MP की धरती ने उगला ‘काला सोना’, नदी किनारे मिला हाई-क्वालिटी कोयले का विशाल भंडार

Edited By Himansh sharma, Updated: 18 Jan, 2026 09:47 AM

high grade coal reserve found in mp s katni district

मध्यप्रदेश की खनिज संपदा में एक और ऐतिहासिक अध्याय जुड़ता नजर आ रहा है।

कटनी। मध्यप्रदेश की खनिज संपदा में एक और ऐतिहासिक अध्याय जुड़ता नजर आ रहा है। खनिजों के लिए पहचाने जाने वाले कटनी जिले में अब सोने के संकेतों के बाद ‘काला सोना’ यानी उच्च गुणवत्ता वाले कोयले का बड़ा भंडार मिलने से हड़कंप मच गया है। बड़वारा जनपद अंतर्गत ग्राम पंचायत लोहरवारा के सलैया केवट क्षेत्र में उमड़ार नदी के किनारे कोयले की मोटी सीम (Coal Seam) सामने आई है।

रेत खनन के दौरान हुआ खुलासा, उमड़ पड़ी ग्रामीणों की भीड़

उमड़ार नदी से लगी रेत खदान में खनन के दौरान अचानक काले रंग का पत्थरनुमा पदार्थ निकलने लगा। जांच में यह उच्च गुणवत्ता का कोयला होने की आशंका जताई गई। खबर फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और बोरियों, साइकिलों व ट्रैक्टर-ट्रॉलियों में कोयला भरकर ले जाते नजर आए, जिससे अवैध उत्खनन की स्थिति बन गई। हालात को देखते हुए प्रशासन और खनिज विभाग तुरंत अलर्ट मोड में आ गया।

GSI और खनिज विभाग का संयुक्त सर्वे, ढाई घंटे तक चला निरीक्षण

सूचना पर शनिवार को जियोलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया (GSI) और खनिज विभाग की संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर विस्तृत सर्वे किया।

संयुक्त दल में शामिल रहे - 

क्षेत्रीय प्रमुख (GSI, जबलपुर) संजय धोपेश्वर, सहायक भौमिकीविद अनिल चौधरी, उप संचालक खजिन डॉ. रत्नेश दीक्षित ,सहायक खजिन अधिकारी पवन कुशवाहा टीम ने करीब ढाई घंटे तक स्थल का निरीक्षण किया और अलग-अलग स्थानों से कोयले के सैंपल एकत्र कर लैब जांच के लिए भेजे। प्रारंभिक तौर पर अधिकारियों ने बेहद सकारात्मक संकेत मिलने की बात कही है।

ए-ग्रेड बिटूमिनस थर्मल कोयले के संकेत

विशेषज्ञों के अनुसार यह कोयला ए-ग्रेड बिटूमिनस थर्मल कोल हो सकता है। कोयले की सीम नदी कटाव के कारण एक्सपोज्ड हुई है आधा मीटर से लेकर डेढ़-दो फीट तक का एक्सपोजर स्पष्ट दिखाई दे रहा है

उमरिया जिले से सटे बरही क्षेत्र के कारण यहां कोयले की संभावना पहले से मानी जा रही थी। अब ड्रिलिंग कर गहराई, क्षेत्रफल और सीम की संख्या का परीक्षण किया जाएगा, जिससे यह तय होगा कि इकोनॉमिकल माइनिंग संभव है या नहीं।

माइनिंग कॉन्क्लेव के बाद बड़ी सफलता के संकेत

गौरतलब है कि करीब 5 महीने पहले आयोजित माइनिंग कॉन्क्लेव में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मौजूदगी में 56,400 करोड़ रुपए के एमओयू साइन हुए थे। कटनी जिले में पहले ही सोना और क्रिटिकल मिनरल्स के संकेत मिल चुके हैं और अब लिग्नाइट व थर्मल कोल के भंडार मिलने से जिले का खनिज भविष्य और मजबूत होता दिख रहा है।

रोजगार और राजस्व में होगा बड़ा इजाफा

यदि सर्वे रिपोर्ट पूरी तरह सकारात्मक रहती है और यहां कोल माइंस विकसित होती हैं, तो: कटनी सहित पूरे MP को हजारों करोड़ का राजस्व लाभ स्थानीय युवाओं को रोजगार के बड़े अवसर
क्षेत्र का औद्योगिक विकास तेज होने की पूरी संभावना है।

खास-खास बिंदु

बड़वारा तहसील के लोहरवारा क्षेत्र में कोयला सीम की पुष्टि

 उमड़ार नदी के कटाव से कोयले की सीम हुई एक्सपोज्ड

GSI व खनिज विभाग ने कई स्थानों से सैंपल किए एकत्र

बड़ेरा क्षेत्र से आयरन ओर के सैंपल भी लिए गए

सैंपल एनालिसिस के बाद तय होगी कोयले की ग्रेड
 

Related Story

Trending Topics

IPL
Royal Challengers Bengaluru

190/9

20.0

Punjab Kings

184/7

20.0

Royal Challengers Bengaluru win by 6 runs

RR 9.50
img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!