Edited By Desh Raj, Updated: 06 Mar, 2026 10:07 PM

मध्य प्रदेश में विधानसभा का बजट सत्र समाप्त हो चुका है और सरकार का अगला कदम प्रशासनिक जमावट पर माना जा रहा है। बजट सत्र के बाद ही प्रशासनिक बदलाव की तैयारी को लेकर कयास लगाए जा रहे थे और अब उनकी आहट आनी शुरु हो गई है।
(भोपाल): मध्य प्रदेश में विधानसभा का बजट सत्र समाप्त हो चुका है और सरकार का अगला कदम प्रशासनिक जमावट पर माना जा रहा है। बजट सत्र के बाद ही प्रशासनिक बदलाव की तैयारी को लेकर कयास लगाए जा रहे थे और अब उनकी आहट आनी शुरु हो गई है। सरकार अपर मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव से लेकर कलेक्टरों के ट्रासंफर के बारे मे हलचल करने वाली है। सरकार ने इस दिशा की ओर अंतिम तैयारी के लिए कमर कस ली है।
सीएम और मुख्य सचिव के बीच हो चुकी है चर्चा
मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव के बीच अंतिम दौर की चर्चा के बाद कभी भी आईएएस अफसरों की तबादला सूची जारी हो सकती है। प्रशासनिक फेरबदल में एक दर्जन से ज्यादा जिलों के कलेक्टर की नई पोस्टिंग की जा सकती है। अपर मुख्य सचिव व प्रमुख सचिव स्तर के भी कुछ अधिकारियों के तबादलों पर मंथन चल रहा है।
सीएम मोहन यादव और मुख्य सचिव अनुराग जैन के बीच कलेक्टरों की नई पदस्थापना को लेकर प्रारंभिक दौर का मंथन हो चुका है । सूत्रों का कहना है कि मुख्य सचिव के दिल्ली से लौटने के बाद तबादला सूची जारी होने के आसार हैं।
मुख्य सचिव अनुराग जैन पांच दिन के अवकाश पर, राजौरा को सीएस का प्रभार
वैसे मुख्य सचिव अनुराग जैन 5 दिन की छुटी पर हैं और उनकी गैरमौजूदगी में अपर मुख्य सचिव जल संसाधन डॉ. राजेश राजौरा को मुख्य सचिव का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। जानकारी के मुताबिक मुख्य सचिव जैन के ससुर का निधन हो गया है और जिसके चलते वो पांच दिन के अवकाश पर हैं। जैन के अवकाश पर हैं तो MP आईएएस कैडर के दूसरे सबसे वरिष्ठ अधिकारी डॉ. राजौरा को मुख्य सचिव का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। लेकिन संभावना जताई जा रही है कि मुख्य सचिव के दिल्ली से लौटते ही तबादलों की दौर जारी होगा औऱ बड़ा प्रशासनिक बदलाव होगा।