Edited By meena, Updated: 07 Jan, 2026 05:55 PM

मध्यप्रदेश के सागर जिले में लोकायुक्त ने बड़ी कार्रवाई की है। जहां पीएचई विभाग के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को रिश्वत लेते गिरफ्तार किया है
सागर : मध्यप्रदेश के सागर जिले में लोकायुक्त ने बड़ी कार्रवाई की है। जहां पीएचई विभाग के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को रिश्वत लेते गिरफ्तार किया है। आधिकारी पर डेढ़ लाख रुपये की रिश्वत लेने के आरोप है।
जानकारी के मुताबिक, ठेकेदार शैलेश कुमार ने लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के मुख्य कार्यपालन अधिकारी एसएल बाथम के खिलाफ रिश्वत मांगने के आरोप लगाते हुए सागर लोकायुक्त में शिकायत की थी। ठेकेदार के मुताबिक, वो नल जल योजना का काम कर रहा है। उसने 2 करोड़ 16 लाख रुपये का बिल पीएचई विभाग में लगाया था। जिसका भुगतान होना बाकी है और भुगतान न होने के कारण करीब 10 महीने से काम रूका हुआ है। मुख्य कार्यपालन अधिकारी SL बाथम ने बिल पास करने के एवज में उससे 3.5% यानी कुल 6 लाख रुपये की रिश्वत की मांग की। बार-बार चक्कर लगाने के बावजूद ही पैसों की मांग की जा रही थी। पैसे नहीं दिए जाने पर अधिकारी बिल पास नहीं कर रहे थे।
लोकायुक्त ने मामले की जांच की तो आरोप सही पाए गए। इसके बाद योजनाबद्ध तरीके से अधिकारी को फंसाने के लिए जाल बिछाया गया। प्लानिंग के मुताबिक, बुधवार को ठेकेदार शैलेश कुमार मुख्य कार्यपालन अधिकारी एसएल बाथम को रिश्वत की पहली किश्त यानी कुल 1.5 लाख रुपए देने पहुंचा। उधर अधिकारी बाथम ने रिश्वत की रकम खुद न लेते हुए अपने ड्राइवर फूल सिंह यादव को भेजा। लेकिन जैसे ही पीएचई कार्यालय के बाहर कार में बैठे ड्राइवर ने ठेकेदार से रिश्वत के पैसे पकड़े वहां सादे कपड़ों में मौजूद लोकायुक्त की टीम ने तुरंत उसे रंगेहाथों धरदबोचा।