Edited By meena, Updated: 02 Apr, 2025 06:04 PM

छतरपुर के छतरपुर जिले में किसान के खेत/खलिहान से दबंगों द्वारा किसान की फसल उठा ले जाने के सदमे में किसान की मौत हो गई...
छतरपुर (राजेश चौरसिया) : छतरपुर के छतरपुर जिले में किसान के खेत/खलिहान से दबंगों द्वारा किसान की फसल उठा ले जाने के सदमे में किसान की मौत हो गई। ऐसा आरोप किसान के परिजनों बेटों ने लगाया है। जहां समय गुजरने पर भी थाने में कार्यवाही न होने के चलते वह शिकायत लेकर न्याय की गुहार लगाने SP ऑफिस आ रहे थे तो रास्ते में किसान की मौत हो गई। वहीं शव लेकर SP ऑफिस पहुंचे किसान पुत्रों का आरोप है कि फ़सल जाने के चलते उनके पिता की सदमे में मौत हो गई है।
यह है पूरा मामला
जानकारी के मुताबिक, मामला जिले के बड़ामलहरा अनुविभाग के बमनोरा थाना क्षेत्र के भरोतखेरा गांव का है, जहां के एक किसान ने 25 मार्च को थाने में शिकायती आवेदन दिया था जिसमें उन्होंने बगल के खेत वाले पर रात में अपनी गेहूं की फसल उठा ले जाने का आरोप लगाया है।
SP बोले-मामला कुछ और ही है
उक्त पूरे मामले में SP अगम जैन से बात हुई तो उनका कहना है कि किसान हमारे यहां आए थे। जहां उन्होंने हमें 25 मार्च का थाने का शिकायती आवेदन बताया। उनका आरोप है कि कुछ लोग खेत से उनकी गेहूं फसल उठा ले गए थे, उन्होंने इसकी रिपोर्ट बमनोरा थाने में की थी, जिसकी आज वे SP ऑफिस शियायत करने अपने पिता के मृत शरीर (जो कि गाड़ी में रखे हुए थे) को लेकर आये उन्होंने मौखिक शिकायत की है आवेदन बतौर वह पुराना आवेदन लिए थे। मैंने उन्हें शव को घर ले जाने और अंतिम संस्कार के लिए बोला और मामले की जांच की बात कही। वहीं बमनोरा थाना प्रभारी को मौके पर गांव में भेजा है। जहां प्रथम दृष्टया जांच में पाया कि उक्त किसान वृद्द और बीमार था वह अधिक मात्रा में गांजा पीता था। उसे TV की बीमारी थी और उसके बेटे उसे नोगांव TV अस्पताल लेकर जा रहे थे। इसी दौरान रास्ते में उनकी मौत हो गई और वे मृतक को SP ऑफिस ले आये। हालांकि अभी मामले में जांच चल रही है। जांच उपरांत ही स्पष्ट हो पायेगा कि मामला क्या था और घटना क्या हुई।

यह था थाने के शिकायती आवेदन में
25 मार्च को थाने में प्रार्थी रुपसिंह तनय लच्छी यादव निवासी ग्राम भरोतखेरा थाना- बमनोरा जिला छतरपुर ने आवेदन दिया था कि उसने अपने खेत में गेहूं फसल बोई थी, वहीं खेत के दूसरे हिस्से में बहादुर पुर निवासी नत्थू यादव अपनी फसल बोये था। लेकिन 25 मार्च को नत्थू यादव उसके साथी और लड़के अपने ट्रैक्टर से मेरी फसल उठा ली और रात में ही थ्रेसर करा ली और अनाज अपने घर पर रख लिया। जब मैंने उससे कहा कि तुमने ऐसा क्यों किया तो रामला और उसका बड़ा भाई बोला कि जाओ हम तुम्हें कुछ नहीं देंगे, चाहे अन्य जगह 50 हजार रुपये खर्च कर देंगे। जब मेरी पत्नी और भाई की पत्नी उल्हाना देने गईं तो इन लोगों ने उनसे गाली-गलौच कर छेड़-छाड़ की उनके साथ जो बच्चे थे वह चिल्लाये तो वह भाग खड़े हुए।