Edited By Himansh sharma, Updated: 23 May, 2026 03:00 PM

छत्तीसगढ़ की राजनीति में इन दिनों मंत्रिमंडल फेरबदल को लेकर चर्चाओं का दौर तेज है।
रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजनीति में इन दिनों मंत्रिमंडल फेरबदल को लेकर चर्चाओं का दौर तेज है। इसी बीच मुख्यमंत्री Vishnu Deo Sai का दिल्ली दौरा राजनीतिक मायनों में बेहद अहम माना जा रहा है। सत्ता के गलियारों में इस दौरे को केवल औपचारिक मुलाकात नहीं, बल्कि आने वाले राजनीतिक समीकरणों की भूमिका के तौर पर देखा जा रहा है।
सूत्रों और राजनीतिक चर्चाओं के बीच यह माना जा रहा है कि मुख्यमंत्री की मुलाकात केंद्रीय गृहमंत्री Amit Shah समेत भाजपा के शीर्ष नेतृत्व से हो सकती है। हालांकि आधिकारिक तौर पर मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर कोई घोषणा नहीं हुई है, लेकिन पिछले कुछ समय से सरकार और संगठन के स्तर पर संभावित बदलावों की चर्चा लगातार बनी हुई है।
दिलचस्प बात यह है कि जब हाल ही में मुख्यमंत्री से मंत्रिमंडल फेरबदल को लेकर सवाल पूछा गया था, तब उन्होंने सीधे इनकार नहीं किया और केवल “इंतजार कीजिए” कहकर संकेत छोड़ दिए। इसके बाद से राजनीतिक हलकों में अटकलों को और बल मिला।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि भाजपा अब 2028 विधानसभा चुनाव की रणनीति को ध्यान में रखते हुए क्षेत्रीय और सामाजिक संतुलन पर फोकस कर सकती है। पार्टी संगठन में भी जल्द बदलाव की संभावनाओं के बीच कुछ वरिष्ठ चेहरों को नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं।
छत्तीसगढ़ में वर्तमान मंत्रिमंडल लगभग अपनी निर्धारित सीमा तक पहुंच चुका है। ऐसे में यदि कोई बड़ा बदलाव होता है तो संभावना नए विस्तार से ज्यादा जिम्मेदारियों के पुनर्वितरण और चेहरों के बदलाव की मानी जा रही है।
अब सबकी नजर दिल्ली में होने वाली बैठकों पर टिकी है। क्या यह दौरा केवल राजनीतिक शिष्टाचार रहेगा या फिर छत्तीसगढ़ की सत्ता में नए समीकरणों की शुरुआत करेगा - इसका जवाब आने वाले दिनों में साफ हो सकता है।