Edited By Desh Raj, Updated: 24 Mar, 2026 06:48 PM

ईरान इजराइल युद्ध के बीच सोने की कीमतों में गिरावट का दौर जारी है। वैश्विक बाजारों में मची उथल पुथल से निवेशकों में हड़कंप मचा है। इस महीने में सोने के दामों में 20 फीसदी की गिरावट आ चुकी है और अनिश्चितता का दौर जारी है।
(डेस्क): ईरान इजराइल युद्ध के बीच सोने की कीमतों में गिरावट का दौर जारी है। वैश्विक बाजारों में मची उथल पुथल से निवेशकों में हड़कंप मचा है। इस महीने में सोने के दामों में 20 फीसदी की गिरावट आ चुकी है और अनिश्चितता का दौर जारी है। ग्लोबल मार्केट में मची हलचल सोना निवेशकों के लिए आफत बन चुकी है। जारी मार्च महीने में सोने की कीमतों में केवल 25 दिनों में ही लगभग 20% की भारी गिरावट कुछ और ही संकेत दे रही है। ये गिरावट पिछले 50 सालों में किसी भी महीने की सबसे बड़ी गिरावट सिद्ध हो रही है। इतने सालों में कभी सोने की हालत ऐसी नहीं हुई है। विशेषज्ञ कह रहे हैं कि यह हालात 1975 में आए सोने के बाजार बड़े संकट की यादें ताजा करवा रहे हैं।
मार्च महीने पैदा कर रहा चिंता वाले हालात
यह मार्च महीना गिरावट को लेकर इतिहास रच रहा है । पिछले 25 दिनों में सोने की लगातार बिकवाली ने सुरक्षित माने जाने वाले सोना निवेश को जोखिम वाले निवेश में तब्दील करके रख दिया था। मार्च के महीने में 20% की गिरावट उन निवेशकों को गहरी टेंशन में डाल रही है जिन्होंने हाई कीमतों पर सोना खरीदा था। लेकिन उनको क्या पता था कि जो सोना फायदे का सौदा होता था वो इस कदर खौफ पैदा करेगा। विशेषज्ञों इसे 1978, 1980, 1983 जैसे रिकॉर्ड गिरावट वाले महीनों की तुलना में भी यह गहरी और तेज़ गिरावट बता रहे है।
वहीं आपको बता दें कि जनवरी 1975 में अमेरिका की सरकार ने निजी तौर पर सोना रखने पर लगे प्रतिबंध को हटाया था। उम्मीद जताई जा रही थी कि इस फैसले के बाद सोने की कीमतें तेजी से बढ़ेंगी, लेकिन अंतरराष्ट्रीय बाजार में केवल एक हफ्ते में ही सोने की कीमत $197 से गिरकर $167 प्रति औंस तक आ गई। लिहाजा सोने का दाम में मार्च महीने में 20 फीसदी की गिरावट बड़े संकेत दे रही है।