MP में राज्यसभा की लड़ाई कैसे होगी खत्म? कांग्रेस के 4 बड़े नेताओं के बयान से मचा सियासी भूचाल!

Edited By Vandana Khosla, Updated: 13 Jun, 2026 10:41 AM

how will the battle for the rajya sabha seat in mp conclude statements from fou

MP desk: मध्यप्रदेश में राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन के नामांकन निरस्त मामले में सुप्रीम कोर्ट से भी निराशा मिली है। शीर्ष कोर्ट ने इस मामले को नॉन मेंटेनेबल यानि अग्राह्य बताते हुए कांग्रेस की याचिका खारिज कर दी गई। जिससे...

MP desk: मध्यप्रदेश में राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन के नामांकन निरस्त मामले में सुप्रीम कोर्ट से भी निराशा मिली है। शीर्ष कोर्ट ने इस मामले को नॉन मेंटेनेबल यानि अग्राह्य बताते हुए कांग्रेस की याचिका खारिज कर दी गई। जिससे नाराज होकर प्रदेश कांग्रेस के सभी विधायक दिल्ली कूच कर गए थे। राष्ट्रपति से मिलने जा रहें विधायकों और पुलिस में जमकर झड़प हुई। कई नेताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया। खास बात यह है कि प्रदेश में राज्यसभा की लड़ाई कब खत्म होगी? वहीं, कांग्रेस के 4 बड़े नेताओं के बयान सामने आए है। जिससे प्रदेश में सियासी भूचाल मचा है।

राज्यसभा चुनाव में मध्यप्रदेश से कांग्रेस की प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन को रिटर्निंग अधिकारी द्वारा अपना नामांकन निरस्त कर दिए जाने के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने याचिका खारिज की है। शुक्रवार को शीर्ष अदालत के फैसले के बाद राज्यसभा सीट की लड़ाई को निर्णायक दौर पर पहुंचाने के लिए कांग्रेस के पास सीमित विकल्प बचे हैं। इस संबंध में प्रमुख नेताओं ने अपनी रणनीति स्पष्ट भी की है। मीनाक्षी नटराजन ने कहा कि चुनाव आयोग की मिलीभगत से भाजपा ने नामांकन रद्द करवाया है। उन्होंने कहा कि अब हम जनता की अदालत में जाएंगे। पार्टी ने अब राज्यसभा सीट की इस लड़ाई पर जंतर-मंतर पर सत्याग्रह की घोषणा की।

कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने पहले चुनाव आयोग, हाईकोर्ट और फिर वहां आने का हवाला देकर याचिका खारिज की है। इसके चलते हम अब हाईकोर्ट जा सकते हैं। वहीं, मीनाक्षी नटराजन का बयान है कि कोर्ट के फैसले पर कोई टिप्पणी नहीं करूंगी, लेकिन लोकतंत्र में एक ओर अदालत होती है, वो जनता की अदालत है। हम अब न्याय के लिए वहां जाएंगे।

पीसीसी चीफ जीतू पटवारी का आरोप है कि पूरे मामले में रिटर्निंग ऑफिसर की भूमिका संदिग्ध रही है। भाजपा के राज में भारत में लोकतंत्र आखिरी सांसें ले रहा है। इलेक्टोरल ऑटोक्रेसी की ओर बढ़ रहा है। हम लोगों के बीच जाकर वास्तविकता बताएंगे। मध्यप्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा कि चुनाव आयोग ने लोकतंत्र का गला घोंटने का काम किया है। हम बीजेपी की तानाशाही का हर स्तर पर विरोध करेंगे।


 

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!