श्री महाकाल महोत्सव 2026 का भव्य शुभारंभ, CM ने किया आधिकारिक वेबसाइट का लोकार्पण

Edited By Himansh sharma, Updated: 15 Jan, 2026 09:53 AM

mahakal mahotsav grandly begins in ujjain

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि श्री महाकाल महोत्सव से उज्जैन की सुंदरता को स्वर्ग के समान बना दिया है।

भोपाल: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि श्री महाकाल महोत्सव से उज्जैन की सुंदरता को स्वर्ग के समान बना दिया है। आज की उज्जैन नगरी महाकवि कालिदास की रचनाओं की अवंतिका के समान हो गई है। सम्राट विक्रमादित्य  और राजा भोज के काल से अवंतिका नगरी न्याय और प्रशासनिक दक्षता की वाहक है। सम्राट विक्रमादित्य, राजा भोज और अवंतिका नगरी की अन्य महान विभूतियों और प्रेरक कहानियों को श्री महाकाल महालोक में मूर्ति कला और दीवारों पर चित्रों के माध्यम से बड़ी सुंदर तरीके से दर्शाया गया है। श्री महाकाल की नगरी काल की नगरी है। श्री महाकाल की कृपा से हमारी प्रत्येक सांस है और प्रेरणा से यह जीवन मानव सेवा के लिए समर्पित है। प्रदेश ने धार्मिक पर्यटन के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति कर अपनी नवीन पहचान स्थापित की है । श्री महाकाल महोत्सव  श्रद्धालुओं को आध्यात्म, धर्म  और प्रदेश  की समृद्ध सांस्कृतिक परंपरा से जोड़ने का माध्यम है। इससे श्रद्धालुओं को बाबा का आशीर्वाद भी मिलेगा, और उज्जैन की जानकारी भी मिलेगी। 

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मकर संक्रांति पर्व की पावन संध्या पर पूजन अर्चन कर श्री महाकाल महोत्सव का शुभारंभ किया। इस अवसर पर  प्रभारी मंत्री गौतम टेटवाल,राज्य सभा सांसद  बालयोगी उमेशनाथ जी महाराज, विधायक अनिल जैन कालूहेड़ा,  सत्य नारायण जटिया, संजय अग्रवाल, राजेश धाकड़, रवि सोलंकी, नरेश शर्मा,  श्रीराम तिवारी, रूप पमनानी  आदि जनप्रतिनिधि और हजारों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। 

PunjabKesariमुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में दो ज्योतिर्लिंग है ,दोनों ज्योतिर्लिंग की कनेक्टविटी सड़क ,वायु और रेल मार्ग से बढ़ाकर श्रद्धालुओं को सुविधा प्रदान की जा रही है। उज्जैन में तो शक्ति पीठ माता गढ़ कालिका भी है साथ ही यहाँ शिप्रा के किनारे गुरुद्वारा  है जहां श्री गुरु नानक जी आए और उज्जैन का उल्लेख अपने पदों में किया है। उज्जैन की विविधता और समरसता निराली है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि उज्जैन में सावन महोत्सव 2003 के बाद शुरू किया गया।  अब शिवरात्रि से लेकर गुड़ी पड़वा तक उज्जैन में मेला आयोजित हो रहे हैं। उज्जैन में आयोजित विविध कार्यक्रमों और मेलों के माध्यम से पर्यटनों  को इतिहास और संस्कृत से जोड़ रहे है और सभी का आशीर्वाद प्राप्त कर रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि उज्जैन और ग्वालियर में आयोजित व्यापार मेले में वाहनों में कर की छूट भी सरकार द्वारा प्रदान की जा रही है। इस परम्परा को ओर समृद्ध बनाकर अब भोपाल के साथ उज्जैन में भी 5 दिवसीय वन मेला दशहरा मैदान पर आयोजित किया जाएगा। इसमें विभिन्न वन उत्पाद नागरिक प्राप्त कर सकेंगे। 

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि संगीत की समृद्ध परंपरा में डमरू सबसे पहला वाद्य यंत्र है। संगीत की समृद्ध परंपरा में अन्य यंत्र इसके बाद बने है। शंकर महादेवन द्वारा दी जाने वाली डमरू वाद्य यंत्र पर प्रस्तुति अद्भुत होती है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जल्द ही जिले को इंदौर उज्जैन सिक्स लेन,  हरिफटक पुल सिक्स लेन, स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स आदि की सौगात मिलेगी। साथ ही जिले में अन्य विकास के कार्य भी किए जा रहे है। जिले में 25 जनवरी को राहगीरी का आनंद उत्सव भी आयोजित किया जाएगा। 

PunjabKesariकार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने श्री महाकालेश्वर मंदिर की नवीन आधिकारिक वेबसाइट पोर्टल www.shrimahakaleshwar.mp.gov.in का शुभारंभ किया। साथ ही 600 करोड़ की लागत से निर्मित होने वाले श्री महाकालेश्वर भक्त निवास के दानदाताओं के लिए वेबसाइट www.shrimahakaleshwar.mp.gov.in/bhaktniwas का भी शुभारंभ किया। श्री महाकाल महोत्सव में पार्श्व गायक शंकर महादेवन की आकर्षक प्रस्तुति ने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। वीर भारत न्यास, विक्रमादित्य शोध पीठ तथा श्री महाकालेश्वर मंदिर प्रबंध समिति के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित यह महोत्सव 18 जनवरी 2026 (विक्रम संवत 2082) तक चलेगा।

Related Story

Trending Topics

IPL
Royal Challengers Bengaluru

190/9

20.0

Punjab Kings

184/7

20.0

Royal Challengers Bengaluru win by 6 runs

RR 9.50
img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!