Edited By Desh Raj, Updated: 14 Jun, 2026 07:18 PM

छत्तीसगढ़ मे बहुत बड़े स्तर पर पुलिस विभाग में फेरबदल हुआ है। जिला कांकेर में पुलिस विभाग में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया गया।
(कांकेर): छत्तीसगढ़ मे बहुत बड़े स्तर पर पुलिस विभाग में फेरबदल हुआ है। जिला कांकेर में पुलिस विभाग में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया गया। रविवार को जारी आदेश के मुताबिक पुलिस अधीक्षक निखिल राखेचा ने व्यापक स्तर पर फेरबदल करते हुए 12 निरीक्षकों सहित कुल 55 पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों का ट्रासंफर कर दिया है।
जिले की कानून-व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में तबादले

दरअसल इस फेरबदल का मकसद जिले की कानून-व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने और नई ऊर्जा लाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। कई थाना प्रभारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं, जबकि बहुत से पुलिसकर्मियों को अलग-अलग थानों में पदस्थ किया गया है। इतने बड़े स्तर पर तबादला आदेशों से महकमे में चर्चा हो रही है।
लक्ष्मण केवट को मिला नया स्टेशन
इन तबादलों में गौर करने वाली बात है कि शौर्य चक्र से सम्मानित निरीक्षक लक्ष्मण केवट की भी नई पदस्थापना की गई है।लक्ष्मण केवट को कोरर थाना प्रभारी बनाया गया है। वहीं लक्ष्मण केवट इससे पहले पखांजूर में थाना प्रभारी के तौर पर अपनी सेवाएं दे रहे थे। उनकी कार्यशैली और साहसिक कामों को देखते हुए विभाग ने उन्हें एक बार फिर बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है। वहीं पखांजूर थाना की कमान अब निरीक्षक तेज वर्मा को सौंपी गई है। तेज वर्मा से अपराध नियंत्रण के साथ ही सुरक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने की अपेक्षा की जा रही है
पुलिस विभाग के सूत्रों के अनुसार यह तबादला केवल नियमित प्रशासनिक प्रक्रिया का हिस्सा नहीं है, बल्कि जिले में पुलिस व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने की रणनीति का भी हिस्सा है। विभिन्न थानों और शाखाओं में लंबे समय से पदस्थ अधिकारियों और कर्मचारियों को नई जगह जिम्मेदारी देकर कार्यक्षमता बढ़ाने का प्रयास किया गया है। प्रशासनिक स्तर पर माना जा रहा है कि नई पदस्थापनाओं से पुलिस बल में कार्य के प्रति नई ऊर्जा आएगी और विभिन्न क्षेत्रों में अपराध नियंत्रण, कानून-व्यवस्था और जनसुरक्षा से जुड़े कार्यों को गति मिलेगी।
वहीं एसपी आदेश में जिले के कई थाना क्षेत्रों में प्रभारियों और अन्य पुलिसकर्मियों की जिम्मेदारियों में बदलाव किया गया है। लिहाजा एक साथ 55 पुलिसकर्मियों के तबादले महकमे में भी चर्चा का विषय बना हुआ है। लिहाजा अब व्यवस्था सुधार पर फोकस बढ़ेगा।