Edited By Desh Raj, Updated: 12 Mar, 2026 05:46 PM

जस्टिस एसजी अहलूवालिया ने मुकेश मल्होत्रा की इस दलील से सहमति जताई कि अगर फ़ैसले के असर और अमल पर रोक नहीं लगाई गई तो उन्हें भारी नुकसान होगा।
(डेस्क): श्योपुर के विजयपुर से कांग्रेस विधायक मुकेश मल्होत्रा की विधायकी जाने के मुद्दे ने राजनीति में खूब गरमाहट पैदा की थी। लेकिन अब मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने कांग्रेस विधायक मुकेश मल्होत्रा को अंतरिम राहत दी है। कोर्ट ने अपने ही उस फ़ैसले पर रोक लगाई, जिसमें उसने पहले श्योपुर ज़िले की विजयपुर विधानसभा सीट से MLA मुकेश मल्होत्रा के चुनाव को रद्द कर दिया था। कोर्ट ने याचिकाकर्ता भाजपा प्रत्याशी रामनिवास रावत को चुना हुआ प्रतिनिधि घोषित कर दिया था। वहीं जस्टिस एसजी अहलूवालिया ने मुकेश मल्होत्रा की इस दलील से सहमति जताई कि अगर फ़ैसले के असर और अमल पर रोक नहीं लगाई गई तो उन्हें भारी नुकसान होगा।
कोर्ट ने कहा-
"फ़ैसले के असर और अमल पर 15 दिनों के लिए रोक लगाने की अर्ज़ी न्याय के हित में है, ताकि प्रतिवादी नंबर 1/मुकेश मल्होत्रा सुप्रीम कोर्ट से रोक का आदेश ले सकें।"
इससे पहले, हाई कोर्ट ने रावत की चुनाव याचिका पर एक अलग फ़ैसला सुनाया था। कोर्ट ने मल्होत्रा के चुनाव को रद्द कर दिया था और रावत को उस सीट से चुना हुआ MLA घोषित किया। इस फ़ैसले के बाद मल्होत्रा ने एक अर्ज़ी दायर कर आदेश को कुछ समय के लिए निलंबित करने की मांग की ताकि वे सुप्रीम कोर्ट जा सकें।
मुकेश मल्होत्रा के वकील ने दी ये दलील
मुकेश मल्होत्रा के वकील ने दलील दी थी कि अगर इस फ़ैसले के असर पर रोक नहीं लगाई गई तो उन्हें फौरन MLA की सीट खाली करनी पड़ेगी। इसका विधानसभा क्षेत्र पर व्यापक असर पड़ेगा । वकील ने कोर्ट से अनुरोध किया कि आदेश पर 15 दिनों के लिए रोक लगाई जाए ताकि मल्होत्रा सुप्रीम कोर्ट से राहत मांग सके। दोनों पक्षकारों की दलीलें सुनने के बाद बेंच ने यह निर्देश दिया जाता है कि चुनाव याचिका नंबर 24/2024 में मंगलवार को सुनाए गए फ़ैसले के असर और अमल पर 15 दिनों के लिए रोक रहेगी।
बता दें कि याचिका में आरोप लगाया गया था कि मुकेश मल्होत्रा ने चुनावी हलफनामे में अपने आपराधिक रिकॉर्ड की पूरी जानकारी छिपाई थी. मामले की सुनवाई के बाद कोर्ट ने उनका चुनाव रद्द कर दिया और चुनाव में दूसरे स्थान पर रहे बीजेपी उम्मीदवार रामनिवास रावत को विजयपुर विधानसभा से विधायक घोषित कर दिया.