Edited By Himansh sharma, Updated: 06 Apr, 2026 12:41 PM

Madhya Pradesh में सोने-चांदी के दामों में आई तेज गिरावट ने सराफा बाजार को नई रफ्तार दे दी है।
Gold Price Crash: Madhya Pradesh में सोने-चांदी के दामों में आई तेज गिरावट ने सराफा बाजार को नई रफ्तार दे दी है। बीते कुछ दिनों में जहां रेट में भारी कमी दर्ज की गई है, वहीं आगामी शादी-ब्याह और अबूझ मुहूर्त के चलते बाजार में खरीदारी का माहौल बन गया है। खासकर Gwalior सहित पूरे प्रदेश में जेवरों की मांग तेजी से बढ़ती दिख रही है।
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आगामी 20 अप्रैल को Akshaya Tritiya के शुभ अवसर पर सहालग का सीजन चरम पर रहेगा। अबूझ मुहूर्त होने के कारण इस दिन बड़ी संख्या में शादियां और खरीदारी होती है। सराफा कारोबारियों का मानना है कि इस बार सोना-चांदी की कीमतों में आई गिरावट का सीधा फायदा ग्राहकों को मिल रहा है, जिससे बाजार में खरीदारी बढ़ रही है।
35 दिनों में सोना 35 हजार रुपए सस्ता
स्थानीय बाजार के आंकड़ों के अनुसार, 29 जनवरी को 10 ग्राम सोने की कीमत लगभग 1,84,500 रुपए थी, जो 5 अप्रैल तक घटकर करीब 1,49,500 रुपए रह गई। यानी महज 35 दिनों में सोने के दाम में करीब 35 हजार रुपए की गिरावट दर्ज की गई। इसी तरह चांदी के भाव में भी बड़ी कमी देखने को मिली है, जो 4,05,000 रुपए प्रति किलो से घटकर लगभग 2,39,000 रुपए प्रति किलो पर आ गई।
कम बजट में बढ़ी खरीदारी, बदला ज्वेलरी ट्रेंड
बाजार में इस बार खरीदारी का ट्रेंड भी बदलता नजर आ रहा है। महंगे रेट के चलते लोग 22 और 24 कैरेट की बजाय 9, 14 और 18 कैरेट ज्वेलरी की ओर ज्यादा आकर्षित हो रहे हैं। सराफा व्यापारियों के मुताबिक, 18 कैरेट ज्वेलरी की मांग सबसे ज्यादा है क्योंकि यह न केवल सस्ती होती है, बल्कि टिकाऊ भी मानी जाती है।
18 कैरेट ज्वेलरी की बढ़ती डिमांड
व्यापारियों का कहना है कि 18 कैरेट सोने में अन्य धातुओं का मिश्रण होने से यह मजबूत होता है और इसमें स्टोन व हीरे की फिटिंग भी बेहतर रहती है। रोजमर्रा के उपयोग और शादी के सेट के लिए लोग इसे प्राथमिकता दे रहे हैं। ऊपर से इसका लुक भी 22 कैरेट के समान ही रहता है, जिससे खरीददारों को शान और बचत दोनों का लाभ मिल रहा है।
सराफा बाजार को बड़ी उम्मीदें
सोना-चांदी के भाव में आई इस गिरावट से सराफा कारोबारियों को उम्मीद है कि आने वाले दिनों में खरीदारी और बढ़ेगी। सहालग के सीजन में मांग बढ़ने से बाजार में नई ऊर्जा देखने को मिल रही है और व्यापारी इसे अपने लिए सकारात्मक संकेत मान रहे हैं।