Edited By Himansh sharma, Updated: 24 Oct, 2025 05:27 PM

छात्रा का आरोप है कि सीनियर रेजिडेंट डॉक्टर पिछले चार महीनों से उसे लगातार डरा-धमका रहे थे
इंदौर। (सचिन बहरानी): मध्य प्रदेश के इंदौर के महात्मा गांधी मेमोरियल मेडिकल कॉलेज (एमजीएम) के प्रसूति एवं स्त्री रोग विभाग में पीजी फर्स्ट ईयर की एक जूनियर डॉक्टर ने अपने सीनियर रेजिडेंट डॉक्टरों पर गंभीर मानसिक प्रताड़ना के आरोप लगाए हैं। जूनियर डॉक्टर ने सीधे यूजीसी की राष्ट्रीय एंटी रैगिंग सेल में शिकायत दर्ज कराई है, जिसके बाद एमजीएम कॉलेज में हड़कंप मच गया है।
छात्रा का आरोप है कि सीनियर रेजिडेंट डॉक्टर पिछले चार महीनों से उसे लगातार डरा-धमका रहे थे और अत्यधिक व अनावश्यक रात की ड्यूटी करने को मजबूर कर रहे थे। हद तो तब हो गई जब उसे ऑपरेशन थिएटर की पोस्टिंग से बेदखल करने की धमकी दी गई और उसकी मेडिकल लीव को लेकर व्हाट्सएप ग्रुप्स पर झूठे और अपमानजनक संदेश फैलाए गए।
इस मानसिक टॉर्चर का नतीजा यह हुआ कि चार महीनों में जूनियर डॉक्टर का वजन 22 किलो से अधिक घट गया और उसे एमवाय अस्पताल में भर्ती होना पड़ा। पीड़िता ने शिकायत में स्पष्ट किया है कि यह केवल काम के बोझ का मामला नहीं है, बल्कि अपमानित करने और मानसिक अत्याचार का गंभीर मामला है।
एंटी रैगिंग कमेटी की अध्यक्ष डॉ. पूनमदेय सरकार ने शिकायत मिलने की पुष्टि की है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है। यह सनसनीखेज मामला एक बार फिर मेडिकल कॉलेजों में सीनियर-जूनियर संबंधों पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है।