Edited By Desh Raj, Updated: 03 Apr, 2026 07:45 PM

मध्य प्रदेश की सियासत में इस समय राजनीतिक हलचल तेज है। दतिया से कांग्रेस विधायक राजेंद्र भारती की सदस्यता जा चुकी है और इस पर बीजेपी कांग्रेस में घमासान मचा हुआ है। कांग्रेस पिछले कल देर रात विधानसभा में हुई कार्रवाई को लेकर सवाल उठा रही है।
ग्वालियर (अंकुर जैन): मध्य प्रदेश की सियासत में इस समय राजनीतिक हलचल तेज है। दतिया से कांग्रेस विधायक राजेंद्र भारती की सदस्यता जा चुकी है और इस पर बीजेपी कांग्रेस में घमासान मचा हुआ है। कांग्रेस पिछले कल देर रात विधानसभा में हुई कार्रवाई को लेकर सवाल उठा रही है।
इस पूरे मामले पर विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने अपना पक्ष रखा है। उन्होंने कहा दतिया के विधायक राजेंद्र भारती के मामले में न्यायालय ने जो फैसला दिया और उसमें उनको दोषी सिद्ध पाया है।जिसके तहत 3 साल की सजा कोर्ट ने सुनाई। स्वाभाविक रूप से लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम की 151 की धारा 8(3) में यह प्रावधान है, 2 वर्ष या उससे अधिक की सजा किसी जनप्रतिनिधि को होती है तो वह अपने आप में अयोग्य हो जाता है।
इसलिए न्यायालय का निर्णय आया तो हमको सूचना मिली। इसके साथ ही एक नागरिक ने भी कोर्ट के निर्णय का हवाला देते हुए कहा कि फैसले का पालन किया जाए। उसके बाद हमने अपने वकीलों से मशवरा किया और एडवोकेट जनरल से भी राय ली गई। राय के मुताबिक जो कानून में प्रावधान था उसके हिसाब से निर्णय किया गया।
हमारे प्रमुख सचिव बाहर थे-नरेंद्र तोमर
नरेंद्र तोमर ने कहा कि दरअसल हमारे प्रमुख सचिव बाहर थे। वह रात में 9:00 बजे के करीब विधानसभा आए थे। वह अपनी कार्रवाई करने के साथ ही कुछ दूसरे कामों की बैठक के लिए वहां पहुंचे हुए थे। पूरी कार्रवाई कोर्ट के आदेश और संवैधानिक प्रक्रिया के तहत की गई है । साथ ही तोमर ने कहा कि इससे पहले भी विधानसभा इस तरह की कार्रवाई कर चुकी है…