Edited By Desh Raj, Updated: 05 Apr, 2026 10:09 PM

मध्यप्रदेश के छतरपुर से एक बड़ा मामला सामने आ रहा है। पुलिस कस्टडी में युवक मौत के बाद यहां पर भारी हंगामा हो गया है। इस पूरे मामले में भाजपा कि विधायक के बेटे का नाम आ रहा है जिससे जिले में राजनीतिक हलचल भी तेज हो गई है
(छतरपुर): मध्यप्रदेश के छतरपुर से एक बड़ा मामला सामने आ रहा है। पुलिस कस्टडी में युवक मौत के बाद यहां पर भारी हंगामा हो गया है। इस पूरे मामले में भाजपा कि विधायक के बेटे का नाम आ रहा है जिससे जिले में राजनीतिक हलचल भी तेज हो गई है। दरअसल भाजपा विधायक ललिता यादव के बेटे मोनू यादव पर हत्या की साजिश रचने के गंभीर आरोप लगे हैं। एक 45 वर्षीय युवक की मौत पुलिस कस्टडी में होने के बाद मृतक के परिजनों ने भारी बवाल किया है और संगीन आरोप लगाए हैं।
भाजपा विधायक ललिता यादव के बेटे मोनू यादव पर हत्या की साजिश रचने के गंभीर आरोप
मृतक के परिजनों ने पुलिस कार्यप्रणाली को संदेह के घेरे में रखा गया है औऱ मौत के लिए मजिस्ट्रेट जांच करने की मांग उठाई है। इस मामले से जिले की राजनीति भी उफान मार रही है, एक तरफ जहां परिजन संगीन आरोप लगा रहे हैं, वहीं पुलिस ने मौत के पीछे अलग ही बात बताई है, पुलिस का कहना है कि युवक गुंडा परेड में जहर खाकर आया था।
क्या है मामला?
जानकारी के मुताबिक सरानी गांव के रहने वाले सुरेन्द्र सिंह की शनिवार रात इलाज के लिए ग्वालियर ले जाते समय मौत हो गई थी। मृतक की मां और पत्नी ने आरोप लगाया है कि सरपंच बृजगोपाल शिवहरे ने सुरेंद्र को फोन करके विधायक के घर बुलाया था। वहीं पर रियाज खान ने सुरेन्द्र को शराब पिलाई और फिर उसे कोतवाली थाने ले जाया गया। परिजनों का आरोप है कि वहां से पुलिस सुरेन्द्र को विधायक के बेटे मोनू यादव के घर ले गई। मृतक की माँ का आरोप है कि महीना भर पहले मोनू यादव के साथ सुरेंद्र का विवाद हुआ था, और उसकी मौत के पीछे यही मुख्य कारण है।
मृतक के परिजनों का कहना है कि सुरेन्द्र के शरीर पर चोट के निशान हैं जिन्हें देखकर सारी साजिश का पता चलता है। सुरेन्द्र के साले शिवम ने पुलिस की जहर वाली कहानी को नकार दिया है और आरोप लगाया है कि पुलिस मर्डर की वजह छिपाने का काम कर रही है।
पुलिस ने क्या पक्ष रखा?
वहीं इस पूरे मामले में नगर पुलिस अधीक्षक ने अपना तर्क दिया है, पुलिस का कहना है कि सुरेंद्र गुंडा लिस्ट में आता थाऔर उस पर 16 मामलेभी दर्ज हैं और इसी बाबत उसे बुलाया गया था। सुरेन्द्र नशे की हालत में ही कोई जहरीला पदार्थ खाकर आया था, पुलिस थाने में उसकी तबीयत बिगड़ी। लिहाजा ये पुलिस का पक्ष है। फिलहाल इस बवाल मचाने वाले केस में विधायक ललिता और उनके बेटे मोनू यादव ने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। ये मामला जिसे की राजनीति में तहलका मचा रहा है।