धान खरीदी में मनमानी करने वाले 4 कर्मचारियों पर गिरी गाज, कलेक्टर ने की बड़ी कार्रवाई

Edited By meena, Updated: 20 Jan, 2026 05:38 PM

four employees faced disciplinary action for irregularities in paddy procurement

समझाइश के बाद भी धान खरीदी में लापरवाही करने वालों को कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी डॉ संजय कन्नौजे के निर्देश पर दण्डित किया गया है। जिले में चल रही धान खरीदी प्रक्रिया में लापरवाही

सारंगढ़ (धजा भारद्वाज) : समझाइश के बाद भी धान खरीदी में लापरवाही करने वालों को कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी डॉ संजय कन्नौजे के निर्देश पर दण्डित किया गया है। जिले में चल रही धान खरीदी प्रक्रिया में लापरवाही और अनियमितता बरतने वाले कर्मचारियों पर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। यह कलेक्टर के नेतृत्व में ग्राम पंचायत सचिव के निलंबन के बाद दूसरे दिन में दूसरी बड़ी कार्यवाही है। सहायक आयुक्त सहकारिता एवं सहायक पंजीयक सहकारी संस्थाएं द्वारा अलग-अलग आदेश जारी कर 4 कर्मचारियों पर दंडात्मक कार्यवाही की गई है। जांच टीम ने निरीक्षण के दौरान पाया कि इन समितियों में शासन के निर्देशों की अवहेलना की जा रही थी, जैसे कि धान का ढाला पद्धति से परीक्षण न करना और सीधे बोरे से तौल करना। साथ ही, कुछ जगहों पर स्टॉक में भारी गड़बड़ी पाई गई।

सेवा सहकारी समिति लेंध्रा (पं.क्र. 106) यहां के सहायक समिति प्रबंधक रामकुमार पटेल को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। जांच में पाया गया कि केंद्र में भौतिक सत्यापन के दौरान 2145 नग धान भरे बोरे (वजन 858 क्विंटल) अधिक पाए गए, जो रिसाइक्लिंग और फर्जी परिवहन की ओर इशारा करते हैं। सतर्क ऐप से भी अलर्ट प्राप्त हुआ था। इसी प्रकार सेवा सहकारी समिति कटेली (पं.क्र. 1563) के सहायक समिति प्रबंधक निलेश जायसवाल को भी निलंबित किया गया है। यहां निरीक्षण में पाया गया कि बार-बार निर्देश देने के बावजूद यहां ढाला पद्धति से धान का परीक्षण नहीं किया जा रहा था और सीधे बोरे में भरकर तौल की जा रही थी, जो घोर लापरवाही है। सेवा सहकारी समिति छिंद (पं.क्र. 171) केंद्र के धान उपार्जन केंद्र लिमगांव के समिति प्रबंधक (नवीन संवर्ग) मुकेश कुमार गुप्ता द्वारा शासन के निर्देशों के विपरीत कार्य करने और स्वेच्छाचारिता बरतने के कारण उनका वित्तीय प्रभार तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दिया गया है। इसी केंद्र (लिमगांव) के फड़ प्रभारी खीकराम साहू को धान खरीदी कार्य में लापरवाही और मनमानी करने के चलते तत्काल प्रभाव से धान खरीदी कार्य से हटा दिया गया है।

जिला प्रशासन का स्पष्ट सन्देश : धान खरीदी में लापरवाही बर्दाश्त नहीं

खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 के लिए धान खरीदी कार्य में संलग्न समस्त कर्मचारियों पर छत्तीसगढ़ आवश्यक सेवा संधारण एवं विच्छिन्नता निवारण अधिनियम 1979 (एस्मा एक्ट) लागू है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि धान खरीदी जैसे महत्वपूर्ण कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही या शासन की छवि धूमिल करने वाले कृत्य को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों पर कठोर अनुशासनात्मक कार्यवाही जारी रहेगी।

Related Story

Trending Topics

IPL
Royal Challengers Bengaluru

190/9

20.0

Punjab Kings

184/7

20.0

Royal Challengers Bengaluru win by 6 runs

RR 9.50
img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!