Edited By Desh sharma, Updated: 27 Sep, 2025 08:10 PM

इंदौर में इन दिनों राजनीति चरम पर है, इंदौर का सीतलामाता बाजार व्यापार का नहीं, राजनीति का भी अखाड़ा बन गया है। इस सिलसिले में आज दिग्विजय सिंह को बीजेपी विरोध का सामना करना पड़ा।
इंदौर (सचिन बहरानी): इंदौर में इन दिनों राजनीति चरम पर है, इंदौर का सीतलामाता बाजार व्यापार का नहीं, राजनीति का भी अखाड़ा बन गया है। इस सिलसिले में आज दिग्विजय सिंह को बीजेपी विरोध का सामना करना पड़ा। दिग्विजय सिंह इंदौर में कपड़ा व्यापारियों से मिलने वाले थे लेकिन उनके आने की सूचना पर बीजेपी ने विरोध किया और दुकानदार लामबंद हो गए।जिसके चलते दिग्विजय सिंह सराफा थाने पर ज्ञापन दे कर निकल गए।
बाजार में एक ओर जहां विधायक मालिनी गौड़ के पुत्र और भाजपा नगर उपाध्यक्ष एकलव्य गौड़ की अपील के बाद दुकानदारों ने मुस्लिम कर्मचारियों को बाहर का रास्ता दिखाया था तो दूसरी ओर दिग्विजय सिंह के आने की सूचना पर उनका भी विरोध किया। इस दौरान काफी बवाल हुआ और विरोध के बाद दिग्विजय सिंह ने सर्राफ़ा थाने पर ज्ञापन दिया और चले गए।

दरअसल पिछले दिनों एकलव्य गौड़ ने स्थानीय व्यापारियों से अपील की थी कि वे अपनी दुकानों पर जिहादी मानसिकता रखने वाले लोगों को काम पर न रखें और दुकानों से सभी को बाहर किया जाए। इस अपील के बाद कई दुकानदारों ने मुस्लिम समुदाय से जुड़े कर्मचारियों को नौकरी से निकाल दिया, जिससे बाजार में धार्मिक ध्रुवीकरण की स्थिति बन गई।
इसी कड़ी में दिग्विजय सिंह के शीतला माता बाजार में आने की सूचना पर विरोध शुरू हो गया । मामले में एसीपी ने बताया कि दिग्विजय सीधे सराफा थाने पहुंचे और ज्ञापन देकर रवाना हो गए ।
बाजार ना जाते हुए दिग्विजय सिंह सराफा थाने पहुंचे और एक आवेदन दिया। दिग्विजय सिंह को पुलिस सुरक्षा में सराफा थाना ले जाया गया, लेकिन वहां भी व्यापारियों ने थाने के बाहर नारेबाज़ी की और दिग्विजय सिंह पर कट्टरपंथी सोच को बढ़ावा देने का आरोप लगाया। इस दौरान माहौल काफी तनाव वाला रहा।