Edited By meena, Updated: 10 Feb, 2026 12:05 PM

उज्जैन स्थित श्री महाकालेश्वर मंदिर में शिव नवरात्रि के चौथे दिन भगवान महाकाल का भव्य घटाटोप स्वरूप में श्रृंगार किया गया। इस अवसर पर पूरे मंदिर परिसर में भक्तिभाव और श्रद्धा का विशेष वातावरण देखने को मिला...
उज्जैन (विशाल सिंह) : उज्जैन स्थित श्री महाकालेश्वर मंदिर में शिव नवरात्रि के चौथे दिन भगवान महाकाल का भव्य घटाटोप स्वरूप में श्रृंगार किया गया। इस अवसर पर पूरे मंदिर परिसर में भक्तिभाव और श्रद्धा का विशेष वातावरण देखने को मिला। सुबह मंदिर प्रांगण स्थित कोटितीर्थ के तट पर श्री कोटेश्वर महादेव का विधिवत पूजन-अभिषेक और आरती संपन्न हुई।
मुख्य पुजारी घनश्याम शर्मा के आचार्यत्व में 11 ब्राह्मणों द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार के साथ रुद्रपाठ किया गया। इसके पश्चात भगवान महाकाल का जल, दूध और पंचामृत से अभिषेक हुआ। दोपहर 3 बजे के बाद संध्या पूजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। पूजन के बाद भगवान को नवीन वस्त्र, रजत मुकुट और शेषनाग का कुंडल अर्पित कर घटाटोप स्वरूप में श्रृंगारित किया गया। गर्भगृह को गुलाब के फूलों से आकर्षक ढंग से सजाया गया।
शिव नवरात्रि के दौरान 15 फरवरी तक प्रतिदिन संध्या समय भगवान महाकाल के अलग-अलग विशेष श्रृंगार के दर्शन होंगे। 10 फरवरी को छबीना, 11 को होलकर, 12 को मनमहेश, 13 को उमा महेश, 14 को शिव तांडव और 15 फरवरी को सप्तधान मुखौटे के स्वरूप में भगवान के दर्शन भक्तों को प्राप्त होंगे। यह पर्व श्रद्धालुओं के लिए विशेष आध्यात्मिक महत्व रखता है।