Edited By meena, Updated: 23 Jul, 2026 02:09 PM

इंदौर लोकायुक्त पुलिस द्वारा पिछले दिनों की कार्रवाई में आरोपी विद्युत मंडल कर्मचारी शिवराम सेमिल के खिलाफ जांच लगातार आगे बढ़ रही है। जांच के दौरान लोकायुक्त ने...
इंदौर (सचिन बहरानी) : इंदौर लोकायुक्त पुलिस द्वारा पिछले दिनों की कार्रवाई में आरोपी विद्युत मंडल कर्मचारी शिवराम सेमिल के खिलाफ जांच लगातार आगे बढ़ रही है। जांच के दौरान लोकायुक्त ने अब सेबी को भी पत्र लिखकर मामले से अवगत कराया है और आरोपी के शेयर मार्केट, म्यूचुअल फंड तथा अन्य वित्तीय निवेशों की जानकारी मांगी है। इसके साथ ही आयकर विभाग और संबंधित शासकीय विभागों से भी सेवा विवरण एवं अन्य रिकॉर्ड तलब किए गए हैं। अब तक की जांच में शिवराम के कब्जे से 17 करोड़ 12 लाख रुपये से अधिक की चल-अचल संपत्ति का खुलासा हुआ है, जो उनकी अनुमानित वैध आय की तुलना में करीब 750 प्रतिशत अनुपातहीन संपत्ति है।
लोकायुक्त के डी एस पी सुनील तालान ने बताया कि विद्युत मंडल अधिकारी शिवराम सेमिल के बैंक खातों की प्रारंभिक जानकारी प्राप्त हो चुकी है, जबकि सेवा विवरण मिलने के बाद आय और संपत्ति का सटीक आकलन किया जाएगा। फिलहाल उनकी अनुमानित वैध आय करीब दो करोड़ रुपये मानी जा रही है। वहीं जांच के दौरान शिवराम के ग्वालियर-मुरैना स्थित पैतृक घर पहुंची टीम ने आरोपी के पैतृक क्षेत्र में एक नवनिर्मित मकान, 40×20 फीट का भूखंड और करीब सवा बीघा कृषि भूमि मिलने की पुष्टि की है। इन संपत्तियों के दस्तावेजों का सत्यापन कराया जा रहा है।

तालान ने यह भी बताया कि आरोपी के दामाद और उनके परिवार के नाम पर निवेश तथा एक फैक्ट्री के संचालन से जुड़े दस्तावेज भी जब्त किए गए हैं। बैंक रिकॉर्ड और MPIDC से जानकारी लेकर इन निवेशों के स्रोत और संबंधों की भी जांच की जा रही है। हालांकि दामाद के खिलाफ अलग से कोई जांच दर्ज नहीं है, लेकिन परिवार के सदस्य होने के कारण उनकी भूमिका भी मुख्य जांच के दायरे में रहेगी।