Edited By Desh Raj, Updated: 17 Apr, 2026 11:04 PM

नीमच में रतलाम से उदयपुर जा रही ट्रेन के यात्रियों की शुक्रवार शाम उस वक्त साँसें अटक गईं, जब साजिश के तहत ट्रैक पर रखे गए भारी पत्थरों से ट्रेन टकरा गई। तेज रफ्तार ट्रेन के पहियों के नीचे पत्थरों के आने से हुए जोरदार धमाके और झटकों से पूरी बोगियां...
नीमच (मूलचंद खींची): नीमच में रतलाम से उदयपुर जा रही ट्रेन के यात्रियों की शुक्रवार शाम उस वक्त साँसें अटक गईं, जब साजिश के तहत ट्रैक पर रखे गए भारी पत्थरों से ट्रेन टकरा गई। तेज रफ्तार ट्रेन के पहियों के नीचे पत्थरों के आने से हुए जोरदार धमाके और झटकों से पूरी बोगियां दहल उठीं। गनीमत रही कि ट्रेन की गति अधिक होने के कारण बड़ा हादसा टल गया और इंजन सुरक्षित रहा। घटना के बाद ट्रेन 12 मिनट तक ट्रैक पर खड़ी रही, जिससे यात्रियों में भारी दहशत फैल गई।
क्या है पूरा मामला?
मिली जानकारी के अनुसार, रतलाम से शाम 5:10 बजे रवाना हुई उदयपुर सिटी एक्सप्रेस (19327) जैसे ही नीमच जिले के हरकिया खाल क्षेत्र से गुजर रही थी, तभी किसी शरारती तत्वों ने मुख्य ट्रैक पर बड़े पत्थर रख दिए थे। ट्रेन के गुजरते ही पत्थरों के चखनाचूर होने से तेज धमाका हुआ। आवाज इतनी जोरदार थी कि आसपास के लोग भी सहम गए।
यात्रियों में मची चीख-पुकार
ट्रेन के अचानक झटके से रुकने और तेज धमाके की आवाज सुनकर अंदर बैठे यात्रियों में हड़कंप मच गया। लोग अपनी सीटों से नीचे गिर गए। महिला और बच्चे घबराकर रोने-चिल्लाने लगे। यात्रियों को लगा कि ट्रेन पटरी से उतर गई है या कोई बड़ा धमाका हुआ है।
12 मिनट तक थमी रहीं सांसें
लोको पायलट ने सूझबूझ दिखाते हुए तत्काल इमरजेंसी ब्रेक लगाकर ट्रेन को रोका। इसके बाद सुरक्षा की जांच की गई। करीब 12 मिनट की मशक्कत और पटरी के मुआयने के बाद जब सब कुछ सामान्य पाया गया, तब जाकर ट्रेन को आगे रवाना किया गया। इस दौरान यात्रियों की धड़कनें तेज रहीं।
जांच में जुटी रेलवे सुरक्षा बल (RPF)
सूचना मिलते ही आरपीएफ और स्थानीय पुलिस प्रशासन अलर्ट हो गया है। ट्रैक पर पत्थर किसने रखे और इसके पीछे मंशा क्या थी? यह जांच का विषय है। घटना ने एक बार फिर रेल सुरक्षा की पोल खोल दी है। इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों को खंगाला जा रहा है ताकि साजिश रचने वालों की पहचान की जा सके।