Edited By Desh Raj, Updated: 13 Apr, 2026 07:24 PM

छतरपुर जिले में चोरी के एक मामले में न्याय न मिलने से परेशान शख्स ने आत्महत्या की चेतावनी दी है। नौगांव थाना क्षेत्र के वार्ड नंबर 5, उपजेल के पास रहने वाले प्रमोद कुमार तिवारी ने बीते 14 महीनों में 52 से अधिक आवेदन देकर पुलिस से गुहार लगाई,
छतरपुर (राजेश चौरसिया): छतरपुर जिले में चोरी के एक मामले में न्याय न मिलने से परेशान शख्स ने आत्महत्या की चेतावनी दी है। नौगांव थाना क्षेत्र के वार्ड नंबर 5, उपजेल के पास रहने वाले प्रमोद कुमार तिवारी ने बीते 14 महीनों में 52 से अधिक आवेदन देकर पुलिस से गुहार लगाई, लेकिन अब तक चोरी का खुलासा नहीं हो सका। निराश पीड़ित ने सागर रेंज के आईजी के सामने पहुंचकर न्याय की मांग की और कहा कि अब उसे पुलिस अधीक्षक पर भरोसा नहीं रहा।
जानकारी के अनुसार, 19 फरवरी 2025 को प्रमोद तिवारी के घर में चोरी हुई थी, जिसमें करीब 227 ग्राम सोने के जेवरात—हार, जंजीर, झुमकी, हाफ पेटी, बिछिया और पायल चोरी हो गए थे। इनकी अनुमानित कीमत करीब 40 लाख रुपए बताई जा रही है। घटना के बाद नौगांव थाने में मामला दर्ज कराया गया, लेकिन लंबा समय बीतने के बाद भी पुलिस चोरी का खुलासा नहीं कर पाई।
टीआई से लेकर प्रधानमंत्री तक लगाई गुहार..
पीड़ित का आरोप है कि उसने न्याय के लिए हर स्तर पर प्रयास किया। थाना प्रभारी से लेकर एसपी तक 52 बार आवेदन दिए, जबकि डीजीपी को 5 बार शिकायत भेजी। इसके अलावा प्रभारी मंत्री इंदल सिंह कंसाना, केंद्रीय मंत्री एवं सांसद डॉ. वीरेंद्र कुमार, विधायक टीका राजा, यहां तक कि प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति को भी रजिस्टर्ड डाक से शिकायत भेजी, लेकिन कहीं से कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
पीड़ित ने यह भी आरोप लगाया कि तत्कालीन थाना प्रभारी और अन्य पुलिसकर्मियों पर उसे संदेह है, लेकिन उसकी शिकायतों को गंभीरता से नहीं लिया गया। लगातार अनदेखी से परेशान होकर उसने आईजी के सामने रोते हुए कहा कि अब वह परिवार सहित आत्महत्या करने को मजबूर है।
आईजी ने दिए जांच के आदेश..
क्राइम मीटिंग के लिए छतरपुर पहुंचे सागर रेंज के आईजी मिथलेश शुक्ला के सामने प्रमोद तिवारी ने पैर पकड़कर न्याय की गुहार लगाई और ज्ञापन सौंपा। मामले को गंभीरता से लेते हुए आईजी ने तत्काल जांच के आदेश दिए और लंबित मामलों के जल्द निराकरण के निर्देश संबंधित थानों को दिए हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि थानों में लापरवाही या अवैध गतिविधियां पाई गईं तो संबंधित थाना प्रभारियों पर कार्रवाई की जाएगी।
जिले में बढ़ते अपराधों से बढ़ी चिंता..
छतरपुर जिले में हाल के महीनों में बढ़ते अपराध और पुलिस पर लग रहे आरोपों ने कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। चोरी, लूट और पुलिस हिरासत में मौत जैसी घटनाओं से आम जनता में भय और अविश्वास का माहौल बनता जा रहा है।