Edited By Himansh sharma, Updated: 09 Aug, 2026 06:11 PM

मध्य प्रदेश के शहडोल की चौपाटी पर खाद्य पदार्थों की जांच करने पहुंची खाद्य एवं औषधि विभाग की टीम उस वक्त सवालों के घेरे में आ गई
शहडोल। मध्य प्रदेश के शहडोल की चौपाटी पर खाद्य पदार्थों की जांच करने पहुंची खाद्य एवं औषधि विभाग की टीम उस वक्त सवालों के घेरे में आ गई, जब अधिकारियों के मौके पर चाट-फुल्की और फास्ट फूड खाते हुए वीडियो सामने आए। आरोप है कि जांच के दौरान कुछ खाद्य सामग्री पैक कराकर पार्सल भी कराया गया और उसका भुगतान नहीं किया गया। वीडियो सामने आने के बाद पूरे मामले को लेकर सोशल मीडिया पर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
खाद्य पदार्थों की जांच के लिए पहुंची थी टीम
मानसून के दौरान दूषित खाद्य पदार्थों से होने वाली बीमारियों को रोकने के लिए खाद्य विभाग की ओर से जिले में निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में विभाग की टीम शहडोल की चौपाटी पहुंची थी। यहां अलग-अलग दुकानों पर खाद्य सामग्री की गुणवत्ता जांची गई और करीब 25 खाद्य पदार्थों के सैंपल लिए जाने की जानकारी सामने आई है। बताया जा रहा है कि टीम की कार्रवाई का उद्देश्य दुकानों में बिकने वाले खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और सुरक्षा की जांच करना था।
जांच के बीच खाने-पीने का वीडियो आया सामने
इसी कार्रवाई के दौरान अधिकारियों और कर्मचारियों के चाट-फुल्की सहित अन्य फास्ट फूड का सेवन करने का वीडियो सामने आया है। आरोप है कि टीम के कुछ सदस्यों ने खाद्य सामग्री पैक कराकर पार्सल भी करवाया।
दुकानदारों की ओर से यह दावा किया गया है कि कुछ सामग्री का भुगतान मौके पर नहीं किया गया। वीडियो वायरल होने के बाद लोगों के बीच यह सवाल उठ रहा है कि निरीक्षण अभियान के दौरान अधिकारियों द्वारा दुकानदारों से खाद्य सामग्री लेना नियमों के अनुरूप था या नहीं।
दुकानदारों ने बताई अपनी परेशानी
मामले को लेकर चौपाटी के कुछ दुकानदारों ने भी अपनी परेशानी साझा की। उनका कहना है कि पहले ही महंगाई और खर्च बढ़ने के कारण छोटे कारोबारियों के लिए दुकान चलाना आसान नहीं है। ऐसे में यदि जांच के दौरान खाद्य सामग्री ली जाती है और उसका भुगतान नहीं होता, तो इसका सीधा असर दुकानदारों पर पड़ता है। हालांकि, वायरल वीडियो में दिखाई दे रहे पूरे घटनाक्रम और दुकानदारों द्वारा लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।