Edited By Himansh sharma, Updated: 13 Sep, 2026 03:51 PM

भारतीय जनता पार्टी के पार्षदों के बीच चल रहा विवाद अब नया मोड़ लेता नजर आ रहा है।
इंदौर। भारतीय जनता पार्टी के पार्षदों के बीच चल रहा विवाद अब नया मोड़ लेता नजर आ रहा है। MIC में जीतू यादव की वापसी को लेकर नाराज चल रहे बीजेपी पार्षद कमलेश कालरा ने राजवाड़ा पर परिवार के साथ शुरू किया अपना धरना देर रात खत्म कर दिया। बताया जा रहा है कि उन्हें मनाने के लिए विधानसभा-4 की विधायक मालिनी गौड़ देर रात राजवाड़ा पहुंचीं और दोनों के बीच काफी देर तक बातचीत हुई।
जानकारी के मुताबिक, कमलेश कालरा जीतू यादव की MIC में वापसी को लेकर नाराज थे। इसी मुद्दे को लेकर उन्होंने राजवाड़ा पर परिवार के साथ धरना शुरू किया था। उनके धरने के बाद विधानसभा-4 क्षेत्र के कई पार्षद, मंडल अध्यक्ष और बीजेपी कार्यकर्ता भी समय-समय पर राजवाड़ा पहुंचते रहे।
सूत्रों के मुताबिक, पार्टी संगठन और प्रदेश नेतृत्व की ओर से धरना खत्म करने को लेकर सख्त संदेश मिलने के बाद मामले में सक्रियता बढ़ी। भोपाल से कार्रवाई की संभावना को लेकर मिले निर्देशों के बाद देर रात विधायक मालिनी गौड़ राजवाड़ा पहुंचीं। उन्होंने कमलेश कालरा से बातचीत कर पूरे मामले को शांत कराने का प्रयास किया।
बताया जा रहा है कि बातचीत के दौरान कालरा को पार्टी संगठन के निर्देश और आगे की स्थिति को लेकर समझाइश दी गई। काफी देर चली चर्चा के बाद कमलेश कालरा धरना खत्म करने के लिए राजी हो गए। इसके बाद उन्होंने राजवाड़ा से अपना धरना समाप्त कर दिया।
इस पूरे घटनाक्रम को लेकर बीजेपी के भीतर भी चर्चाओं का दौर तेज है। खासतौर पर जीतू यादव की MIC में वापसी और उसके बाद कमलेश कालरा के खुलकर विरोध में आने से संगठन के सामने स्थिति चुनौतीपूर्ण हो गई थी।
हालांकि, कालरा के धरना खत्म करने के बाद फिलहाल मामला शांत होता दिखाई दे रहा है। अब निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि पार्टी संगठन और स्थानीय नेताओं के बीच इस विवाद का स्थायी समाधान किस तरह निकलता है।