Edited By meena, Updated: 14 Feb, 2026 02:11 PM

छत्तीसगढ़ में कांग्रेस संगठन के भीतर एक बार फिर आंतरिक खींचतान खुलकर सामने आ गई है। जिला स्तर पर संयुक्त महामंत्री, महामंत्री और सचिव समेत 17 पदाधिकारियों ने एक साथ अपने पदों से इस्तीफा दे दिया...
रायपुर : छत्तीसगढ़ में कांग्रेस संगठन के भीतर एक बार फिर आंतरिक खींचतान खुलकर सामने आ गई है। जिला स्तर पर संयुक्त महामंत्री, महामंत्री और सचिव समेत 17 पदाधिकारियों ने एक साथ अपने पदों से इस्तीफा दे दिया है। सामूहिक इस्तीफे का पत्र सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिससे संगठन में हलचल तेज हो गई है। सूत्रों के मुताबिक, यह संख्या बढ़ भी सकती है। अब तक 30 से अधिक पदाधिकारियों के इस्तीफा देने की चर्चा है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी बाकी है।
टीएस सिंहदेव गुट की नाराजगी बनी वजह
बताया जा रहा है कि इस्तीफा देने वाले अधिकांश पदाधिकारी पूर्व डिप्टी सीएम टीएस सिंहदेव के समर्थक माने जाते हैं। हाल ही में संगठन ने शशि सिंह को सूरजपुर जिला अध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी है।
इसके बाद से ही सिंहदेव समर्थकों में नाराजगी की स्थिति बनी हुई थी। कार्यकर्ताओं का आरोप है कि नई जिला कार्यकारिणी घोषित करते समय वरिष्ठ नेताओं से परामर्श नहीं लिया गया और एक खास गुट के लोगों को प्राथमिकता दी गई। वहीं, सिंहदेव गुट के समर्थकों को पदों से दूर रखा गया।
सूरजपुर में बढ़ा सियासी तापमान
सूरजपुर जिले में संगठनात्मक नियुक्तियों के बाद से अंदरूनी असंतोष बढ़ता जा रहा था। इस्तीफा देने वाले नेताओं का कहना है कि जिला अध्यक्ष और संगठन स्तर पर उनके साथ लगातार अनदेखी की जा रही थी।
इस्तीफा देने वालों में पूर्व सांसद खेल साय सिंह की बहू का नाम भी शामिल बताया जा रहा है, जिससे यह मामला और अधिक चर्चाओं में आ गया है। राजनीतिक हलकों में इसे कांग्रेस के भीतर गहराते गुटीय संघर्ष के रूप में देखा जा रहा है।
संगठन के लिए चुनौतीपूर्ण स्थिति
लगातार सामने आ रहे इस्तीफों ने कांग्रेस नेतृत्व के सामने बड़ी चुनौती खड़ी कर दी है। आगामी चुनावी रणनीतियों और संगठन विस्तार की दृष्टि से यह घटनाक्रम अहम माना जा रहा है।
अब देखना होगा कि पार्टी नेतृत्व इस नाराजगी को कैसे संभालता है और क्या इस्तीफा देने वाले पदाधिकारियों को मनाने की कोशिश की जाएगी या संगठनात्मक स्तर पर कोई बड़ा फैसला लिया जाएगा। फिलहाल छत्तीसगढ़ कांग्रेस में सियासी सरगर्मी चरम पर है।