Edited By meena, Updated: 21 Jan, 2026 03:42 PM

गुना शहर के नज़दीक विनायकखेड़ी पंचायत के सोजना गांव में सरकारी तंत्र की एक बेहद अजीबोगरीब और लापरवाही भरी तस्वीर सामने आई है। यहां बिजली विभाग के कर्मचारियों ने गांव में बिना बिजली,
गुना (मिस्बाह नूर) : गुना शहर के नज़दीक विनायकखेड़ी पंचायत के सोजना गांव में सरकारी तंत्र की एक बेहद अजीबोगरीब और लापरवाही भरी तस्वीर सामने आई है। यहां बिजली विभाग के कर्मचारियों ने गांव में बिना बिजली, खंभे या डीपी के ही घर-घर जाकर स्मार्ट मीटर लगा दिए हैं।
हैरानी की बात यह है कि एक ओर विभाग के अधिकारी यह कह रहे हैं कि गांव में बिजली का इन्फ्रास्ट्रक्चर साल 2026 तक तैयार होगा, वहीं दूसरी ओर बुनियादी सुविधाओं के अभाव में ही मीटर लगा दिए गए। जब ग्रामीणों ने इस कार्रवाई का विरोध किया, तो कर्मचारियों ने यह कहकर पल्ला झाड़ लिया कि उन्हें ऊपर से आदेश है। सोजना गांव के क्रेशर के पास रहने वाले ये ग्रामीण अपनी फरियाद लेकर कलेक्टर के पास पहुंचे और दावा किया कि वे अब तक चार से पांच बार शिकायत कर चुके हैं, लेकिन उनकी समस्या जस की तस बनी हुई है। यह बस्ती पहले भी गंदे पानी की समस्या के कारण चर्चा में रही थी, जिसके बाद विधायक पन्नालाल शाक्य ने यहां का दौरा कर हैंडपंप तो लगवा दिया था, लेकिन बिजली की समस्या अब भी बरकरार है।

वर्तमान में ग्रामीण काफी दूर से तार डालकर बिजली का उपयोग करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन वोल्टेज इतना कम होता है कि कोई भी इलेक्ट्रॉनिक उपकरण काम नहीं कर पा रहा है। कलेक्टर को दिए गए आवेदन में ग्रामीणों ने मांग की है कि गांव में जल्द से जल्द खंभे लगवाकर डीपी रखी जाए ताकि स्थाई बिजली मिल सके। ग्रामीणों ने स्मार्ट मीटर की जगह डिजिटल मीटर लगाने की भी मांग उठाई है।