Edited By meena, Updated: 02 Jan, 2026 08:29 PM

मध्यप्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने इंदौर में दूषित पेयजल से उल्टी-दस्त के प्रकोप के मामले में शुक्रवार को राज्य सरकार को आड़े हाथों लेते हुए पीड़ित परिवारों से माफी मांगने और दोषियों को 'अधिकतम दंड'....
भोपाल : मध्यप्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने इंदौर में दूषित पेयजल से उल्टी-दस्त के प्रकोप के मामले में शुक्रवार को राज्य सरकार को आड़े हाथों लेते हुए पीड़ित परिवारों से माफी मांगने और दोषियों को 'अधिकतम दंड' लगाने की मांग की। उन्होंने इसे 'पाप' क़रार दिया और कहा कि इसके लिए राज्य सरकार को 'घोर प्रायश्चित' करना होगा। स्थानीय नागरिकों ने इंदौर शहर के भागीरथपुरा इलाके में हुई इस घटना में छह माह के बच्चे समेत 15 लोगों के दम तोड़ने का दावा किया है। हालांकि, इस दावे की स्वास्थ्य विभाग ने पुष्टि नहीं की है। विभाग के मुताबिक इस प्रकोप में केवल चार लोगों की मौत हुई है।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की वरिष्ठ नेता भारती ने 'एक्स' पर पोस्ट किया, ‘‘2025 के अंत में इंदौर में गंदे पानी पीने से हुई मौतें हमारे प्रदेश, हमारी सरकार और हमारी पूरी व्यवस्था को शर्मिंदा और कलंकित कर गईं।'' उन्होंने कहा कि राज्य के सबसे स्वच्छ शहर का पुरस्कार प्राप्त करने वाले इंदौर में 'इतनी बदसूरती, गंदगी, जहर मिला पानी' जो कितनी जिंदगियों को निगल गया, निगलता जा रहा है और मौत का आंकड़ा बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा,‘‘जिंदगी की कीमत दो लाख रुपए नहीं होती क्योंकि उनके परिजन जीवन भर दुःख में डूबे रहते हैं। सरकार को इस पाप का घोर प्रायश्चित करना होगा, पीडितों से माफी मांगनी होगी और नीचे से लेकर ऊपर तक जो भी अपराधी हैं उन्हें अधिकतम दंड देना होगा।''
उन्होंने कहा,‘‘यह मोहन यादव जी की परीक्षा की घड़ी है।'' मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने इंदौर में दूषित पेयजल से उल्टी-दस्त के प्रकोप मामले में नगर निगम के वरिष्ठ अधिकारियों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई के निर्देश दिए, जिनमें एक अपर आयुक्त का शहर से तत्काल तबादला किए जाने का कदम शामिल है।