Edited By Himansh sharma, Updated: 24 Jan, 2026 02:10 PM

विमुक्तेश्वरानंद सरस्वती शंकराचार्य महाराज के अपमान को लेकर मध्य प्रदेश की राजनीति गरमा गई है।
भोपाल। अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती शंकराचार्य महाराज के अपमान को लेकर मध्य प्रदेश की राजनीति गरमा गई है। राजधानी भोपाल के रोशनपुरा चौराहे पर कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उपवास रखकर विरोध प्रदर्शन किया।
इस दौरान प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी, पूर्व मंत्री पीसी शर्मा सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि हिंदुत्व की राजनीति करने वाली भाजपा सरकार लगातार सनातन परंपराओं और धर्म गुरुओं का अपमान कर रही है।
कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि काशी में मंदिरों को तोड़ा गया और मणिकर्णिका घाट पर तोड़फोड़ की गई है, जिससे धार्मिक आस्था पर सीधा प्रहार हुआ है।प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा कि
हजारों साल पुरानी सनातन परंपराओं के अनुसार शंकराचार्य जी महाराज से कभी किसी प्रकार का प्रमाण पत्र नहीं मांगा गया। उन्होंने कहा कि जिन लोगों की अपनी मार्कशीट पर सवाल उठते हैं, वे आज शंकराचार्य जी से प्रमाण पत्र मांग रहे हैं।
जीतू पटवारी ने कहा कि गंगा स्नान से शंकराचार्य जी को रोकने का दुस्साहस किसी ने पहले नहीं किया और शंकराचार्य जी सनातन धर्म की सबसे बड़ी विरासत हैं। उन्होंने बटुकों की शिखा खींचकर दी गई पीड़ा को अक्षम्य अपराध बताया।