Edited By Himansh sharma, Updated: 22 Apr, 2026 03:43 PM

छत्तीसगढ़ सरकार ने प्रशासनिक कामकाज को सुचारु बनाए रखने और आगामी जनगणना व सुशासन तिहार के सफल संचालन को ध्यान में रखते हुए बड़ा फैसला लिया है।
रायपुर: छत्तीसगढ़ सरकार ने प्रशासनिक कामकाज को सुचारु बनाए रखने और आगामी जनगणना व सुशासन तिहार के सफल संचालन को ध्यान में रखते हुए बड़ा फैसला लिया है। राज्य के सभी सरकारी कर्मचारियों की छुट्टियों पर अगले तीन महीनों के लिए सख्त रोक लगा दी गई है। सामान्य प्रशासन विभाग की ओर से जारी आदेश के मुताबिक अब कोई भी कर्मचारी बिना पूर्व अनुमति के अवकाश नहीं ले सकेगा। यदि कोई कर्मचारी बिना स्वीकृति के छुट्टी पर जाता है, तो इसे गंभीर अनुशासनहीनता माना जाएगा और उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
तीन महीने तक सख्ती से लागू रहेगा आदेश
सरकारी निर्देश के अनुसार यह नियम अगले तीन महीने यानी जुलाई तक प्रभावी रहेगा। इस दौरान किसी भी प्रकार की छुट्टी केवल संबंधित सक्षम अधिकारी की अनुमति से ही मान्य होगी।
आदेश में साफ चेतावनी
जारी निर्देशों में स्पष्ट कहा गया है कि बिना अनुमति अनुपस्थित रहना सेवा नियमों का उल्लंघन माना जाएगा। लंबी छुट्टी की स्थिति में कर्मचारी को यह सुनिश्चित करना होगा कि उसका कार्य किसी अन्य अधिकारी या कर्मचारी को विधिवत सौंपा गया हो, ताकि कार्य प्रभावित न हो।
आपात स्थिति में क्या करना होगा
यदि किसी कर्मचारी को अचानक अवकाश लेना पड़े तो उसे तुरंत अपने वरिष्ठ अधिकारी को फोन या डिजिटल माध्यम से सूचना देना अनिवार्य होगा। छुट्टी से लौटने के बाद उसकी लिखित पुष्टि भी देनी होगी।
प्रशासनिक व्यवस्था को दुरुस्त करने की कोशिश
सरकार का मानना है कि इस फैसले से सरकारी योजनाओं, जनगणना कार्य और अन्य अभियानों को समय पर पूरा करने में मदद मिलेगी और विभागीय कार्यों में किसी तरह की बाधा नहीं आएगी। सभी विभागों, संभागायुक्तों और कलेक्टरों को आदेश का सख्ती से पालन कराने के निर्देश दिए गए हैं।