Edited By Himansh sharma, Updated: 22 Jul, 2026 01:54 PM

भारतीय जनता पार्टी की वरिष्ठ नेता एवं पूर्व लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन (ताई) ने इंदौर के साथ रेलवे द्वारा किए जा रहे व्यवहार पर कड़ी नाराजगी जताई है।
इंदौर। भारतीय जनता पार्टी की वरिष्ठ नेता एवं पूर्व लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन (ताई) ने इंदौर के साथ रेलवे द्वारा किए जा रहे व्यवहार पर कड़ी नाराजगी जताई है। रेलवे बोर्ड से जुड़े वरिष्ठ अधिकारी को लिखे अपने पत्र में उन्होंने कहा कि ऐसा प्रतीत होता है मानो पश्चिम रेलवे ने इंदौर को अनाथ शहर मान लिया हो। उनका कहना है कि लगातार उपेक्षा के कारण शहर के यात्रियों को बेहतर रेल सुविधाओं से वंचित रहना पड़ रहा है।
ताई ने पत्र में उल्लेख किया कि प्रधानमंत्री द्वारा उद्घाटित MEMU सेवा का आधुनिक रैक इंदौर से हटाकर दूसरे स्थान पर भेज दिया गया, जबकि शहर को पुराने और कम भरोसेमंद DEMU रैक उपलब्ध करा दिए गए। उन्होंने आरोप लगाया कि ये रैक कई बार बीच रास्ते में तकनीकी खराबी के कारण रुक जाते हैं, जिससे यात्रियों को भारी परेशानी झेलनी पड़ती है।
उन्होंने यह भी कहा कि जयपुर–इंदौर और रीवा–इंदौर रेल सेवा से जुड़े प्रस्ताव लंबे समय से लंबित पड़े हैं। वहीं इंदौर–पुणे ट्रेन अब तक बहाल नहीं की गई, जबकि अन्य रूटों की ट्रेनों को वैकल्पिक मार्गों से संचालित किया जा रहा है। ताई ने त्रिवेंद्रम–इंदौर ट्रेन की अत्यधिक मांग का हवाला देते हुए उसके फेरे बढ़ाने की आवश्यकता बताई। साथ ही उन्होंने कहा कि अयोध्या के लिए इंदौर से अब तक सीधी ट्रेन उपलब्ध नहीं है, जबकि मऊ–उज्जैन के बीच भी स्थानीय रेल सेवा शुरू नहीं हो सकी है।
पूर्व लोकसभा अध्यक्ष ने रेलवे के उस तर्क पर भी सवाल उठाए, जिसमें प्लेटफॉर्म और लाइन की कमी का हवाला दिया जाता है। उन्होंने कहा कि लक्ष्मीबाई नगर में अतिरिक्त प्लेटफॉर्म तैयार हैं और मऊ स्टेशन पर भी आवश्यक क्षमता मौजूद है, फिर भी सुविधाओं का विस्तार नहीं किया जा रहा। उनके अनुसार संसाधन उपलब्ध होने के बावजूद योजनाओं को आगे नहीं बढ़ाना यात्रियों के हितों की अनदेखी है।
अपने पत्र के माध्यम से सुमित्रा महाजन ने रेलवे प्रशासन से इंदौर के साथ हो रहे कथित भेदभाव को समाप्त कर लंबित रेल परियोजनाओं और सेवाओं पर शीघ्र निर्णय लेने की मांग की है। उनका मानना है कि प्रदेश के प्रमुख शहरों में शामिल इंदौर को उसकी आवश्यकता और यात्री संख्या के अनुरूप रेल सुविधाएं मिलनी चाहिए।