Edited By meena, Updated: 01 Jun, 2026 07:57 PM

मध्यप्रदेश में राज्यसभा की तीन सीटों के लिए होने वाले चुनावों के लिए आज यानी एक जून से नामांकन प्रक्रिया शुरू हो गई है। आंकड़ों के हिसाब से दो सीटे भाजपा तो एक सीट कांग्रेस के खाते में आने वाली है...
भोपाल : मध्यप्रदेश में राज्यसभा की तीन सीटों के लिए होने वाले चुनावों के लिए आज यानी एक जून से नामांकन प्रक्रिया शुरू हो गई है। आंकड़ों के हिसाब से दो सीटे भाजपा तो एक सीट कांग्रेस के खाते में आने वाली है। लेकिन कांग्रेस को क्रास वोटिंग का डर सता रहा है ऐसे में कांग्रेस अपनी एक सुनिश्चित सीट को लेकर ज्यादा सतर्क है। यही वजह है कि पार्टी किसी एक ऐसे नेता को टिकट देना चाहती है जो क्रास वोटिंग से निपट सके और अपनी सीट बचा सके। फिलहाल कांग्रेस और भाजपा ने अपने उम्मीदवार का ऐलान नहीं किया है।
नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने भोपाल में हुई मध्य प्रदेश आदिवासी कांग्रेस की बैठक कहा है कि कांग्रेस 3-5 जून तक अपने राज्यसभा उम्मीदवार का ऐलान कर देगी। आप बस इंतजार कीजिए। सूत्रों की मानें तो कांग्रेस नेता व पूर्व सीएम कमलनाथ कांग्रेस की ओर से राज्यसभा उम्मीदवार हो सकते हैं। हालांकि अंतिम फैसला दिल्ली से होगा।
वहीं प्रदेश भाजपा अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल के मुताबिक, केंद्रीय नेतृत्व के साथ मुलाकात तय हुई है। संगठन ने दोनों सीटों के लिए कुछ नामों की पैनल दिल्ली भेजा है। भाजपा उम्मीदवारों में सबसे मजबूत दावेदार चेहरों में अभय महाजन, कैलाश विजयवर्गीय, अरविंद भदौरिया, लाल सिंह आर्य और नरोत्तम मिश्रा के नामों की चर्चा है। इधर, सुमेर सिंह सोलंकी दूसरा कार्यकाल के लिए प्रयासरत बताए जा रहे हैं।
वहीं तीसरी सीट की बात करें तो संख्या बल के हिसाब से भाजपा को दो सीटों के लिए 116 वोटों की जरूरत है जबकि उसके पास कुल 164 विधायक हैं यानी 48 वोट ज्यादा। यही वजह है कि कांग्रेस को क्रास वोटिंग का डर सता रहा है क्योंकि भाजपा तीसरी सीट पर प्रत्याशी उतारने पर विचार कर सकती है। सूत्रों की मानें तो तीसरी सीट पर भाजपा अभी अपने पत्ते नहीं खोलेगी। उसे कांग्रेस उम्मीदवार की घोषणा का इंतजार है। कांग्रेस प्रत्याशी का नाम सामने आने के बाद ही तीसरी सीट को लेकर पार्टी अपनी रणनीति स्पष्ट करेगी।