Edited By meena, Updated: 29 Jan, 2026 07:58 PM

विश्वविद्यालय अनुदान आयोग द्वारा 13 जनवरी 2026 से लागू किए गए नए नियमों के विरोध में सवर्ण समाज ने केसीजी जिले में आंदोलन शुरू कर दिया है। समाज का कहना है कि ये नियम सामाजिक...
खैरागढ़ (हेमंत पाल) : विश्वविद्यालय अनुदान आयोग द्वारा 13 जनवरी 2026 से लागू किए गए नए नियमों के विरोध में सवर्ण समाज ने केसीजी जिले में आंदोलन शुरू कर दिया है। समाज का कहना है कि ये नियम सामाजिक संतुलन के खिलाफ हैं और इससे जातिगत भेदभाव बढ़ेगा। पदाधिकारियों ने इसे सवर्ण समाज के अधिकारों पर प्रहार बताते हुए काला कानून करार दिया है।
गुरुवार को खैरागढ़ में सवर्ण समाज द्वारा शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन किया गया। दोपहर तीन बजे समाज के पुरुषों और महिला मंडल के सदस्य राजपूत क्षत्रिय भवन जमातपारा में एकत्रित हुए और रैली के रूप में नगर भ्रमण किया। इस दौरान यूजीसी काला कानून वापस लो और सवर्ण एकता जिंदाबाद जैसे नारे लगाए गए। नगर भ्रमण के बाद रैली कलेक्टर कार्यालय पहुंची। यहां करीब पंद्रह मिनट तक नारेबाजी हुई। बाद में समाज के प्रतिनिधि मंडल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम ज्ञापन कलेक्टर को सौंपा।

ज्ञापन में कहा गया है कि यूजीसी के नए नियम एकपक्षीय हैं और इससे सामान्य वर्ग के विद्यार्थियों और प्राध्यापकों के खिलाफ झूठे आरोपों की आशंका बढ़ेगी। समाज ने सुप्रीम कोर्ट द्वारा नियमों पर रोक का हवाला देते हुए कानून को पूरी तरह वापस लेने की मांग की है। साथ ही चेतावनी दी गई है कि मांग पूरी नहीं होने पर आंदोलन को और तेज किया जाएगा।