Edited By Himansh sharma, Updated: 28 May, 2026 12:30 PM

छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले से सत्ता और प्रशासन के टकराव की एक बड़ी खबर सामने आई है।
रायपुर: छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले से सत्ता और प्रशासन के टकराव की एक बड़ी खबर सामने आई है। सीतापुर से BJP विधायक रामकुमार टोप्पो और उनके समर्थकों पर नायब तहसीलदार के साथ मारपीट, धमकी और शासकीय कार्य में बाधा डालने जैसे गंभीर आरोप लगे हैं। मामले में कोतवाली पुलिस ने विधायक सहित 10 लोगों के खिलाफ FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
घटना राजापुर उप-तहसील कार्यालय की बताई जा रही है, जहां पैरोल पर रिहाई से जुड़े सॉल्वेंसी सर्टिफिकेट को लेकर विवाद शुरू हुआ। जानकारी के मुताबिक विधायक की चचेरी बहन जरूरी दस्तावेज बनवाने उप-तहसील कार्यालय पहुंची थीं। इस दौरान नायब तहसीलदार तुषार मानिकपुरी ने रीडर के अनुपस्थित होने की वजह से फाइल लंबित होने की बात कही। इसी बात को लेकर विवाद बढ़ गया।
आरोप है कि इसके बाद विधायक रामकुमार टोप्पो अपने समर्थकों के साथ उप-तहसील कार्यालय पहुंचे और वहां जमकर हंगामा हुआ। नायब तहसीलदार तुषार मानिकपुरी ने शिकायत में कहा है कि उनके साथ अभद्रता करते हुए मारपीट की गई और सरकारी कामकाज में बाधा डाली गई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए कोतवाली पुलिस ने विधायक रामकुमार टोप्पो, यूसुफ, नाजिम राजा, पंकज गुप्ता समेत 10 लोगों के खिलाफ BNS की विभिन्न धाराओं में अपराध दर्ज किया है। प्रशासनिक सूत्रों के मुताबिक SDM फगेश सिन्हा ने मौके पर पहुंचकर बीच-बचाव की कोशिश की, लेकिन स्थिति काफी तनावपूर्ण हो गई थी।
घटना के बाद प्रशासनिक महकमे में भी नाराजगी देखी जा रही है। सरगुजा कलेक्टर ने पूरे मामले की जांच के निर्देश जारी कर दिए हैं। अब यह मामला केवल मारपीट तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि सत्ता के प्रभाव और प्रशासनिक अधिकारियों की सुरक्षा को लेकर भी बड़े सवाल खड़े कर रहा है।