Edited By Desh Raj, Updated: 17 Apr, 2026 07:53 PM

केन-बेतवा लिंक परियोजना स्थल पर शुक्रवार को उस समय तनाव की स्थिति बन गई, जब धरने पर बैठे आंदोलनकारियों से मिलने जा रहे यूथ कांग्रेस प्रदेश उपाध्यक्ष अभिषेक सिंह परमार और उनके समर्थकों को वन विभाग के गेट पर रोक दिया गया।
छतरपुर (राजेश चौरसिया): केन-बेतवा लिंक परियोजना स्थल पर शुक्रवार को उस समय तनाव की स्थिति बन गई, जब धरने पर बैठे आंदोलनकारियों से मिलने जा रहे यूथ कांग्रेस प्रदेश उपाध्यक्ष अभिषेक सिंह परमार और उनके समर्थकों को वन विभाग के गेट पर रोक दिया गया। रोकने को लेकर दोनों पक्षों के बीच जमकर विवाद हुआ, जो देखते ही देखते तीखी झड़प में बदल गया।
जानकारी के अनुसार अभिषेक सिंह परमार अपने कार्यकर्ताओं के साथ परियोजना स्थल पर चल रहे आंदोलन में शामिल होने और आंदोलनकारियों से मिलने के लिए पहुंचे थे। इसी दौरान वन विभाग के अमले ने उन्हें गेट पर ही रोक दिया। इस पर कांग्रेस कार्यकर्ता नाराज हो गए और गेट खोलने की मांग करने लगे।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों पक्षों के बीच तीखी बहस शुरू हो गई। इसी दौरान अभिषेक सिंह परमार ने गेट खोलने की चेतावनी देते हुए कहा कि “अगर गेट नहीं खोला गया तो हम उसे तोड़ना भी जानते हैं।” इसके बाद वे कार से उतरे और अपने समर्थकों के साथ मिलकर गेट को धक्का देकर तोड़ दिया और अंदर प्रवेश कर गए।
घटना का वीडियो भी सामने आया है, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में कांग्रेस कार्यकर्ता गेट को धक्का देते हुए और नारेबाजी करते हुए दिखाई दे रहे हैं। वहीं इस पूरे मामले को लेकर जब वन विभाग के डीएफओ ऋषि मिश्रा से संपर्क किया गया तो उन्होंने बताया कि वे पिछले 10 दिनों से अवकाश पर हैं और उन्हें इस घटना की जानकारी नहीं है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में संबंधित अधिकारियों से ही जानकारी ली जा सकती है।
दूसरी ओर, एसडीओ से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे बात नहीं हो सकी, जिससे उनका पक्ष सामने नहीं आ पाया है। घटना के बाद क्षेत्र में माहौल गरमाया हुआ है। फिलहाल प्रशासन की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।