Edited By Vikas Tiwari, Updated: 09 Feb, 2026 04:29 PM

बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर और देश के चर्चित कथा वाचक पं. धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री एक बार फिर चर्चा में हैं, लेकिन इस बार किसी धार्मिक या राजनीतिक बयान को लेकर नहीं, बल्कि अपनी सादगी और सहज व्यवहार के कारण।
छतरपुर (राजेश चौरसिया): बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर और देश के चर्चित कथा वाचक पं. धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री एक बार फिर चर्चा में हैं, लेकिन इस बार किसी धार्मिक या राजनीतिक बयान को लेकर नहीं, बल्कि अपनी सादगी और सहज व्यवहार के कारण।
घटना शनिवार-रविवार की दरमियानी रात की है, जब बाबा बागेश्वर अचानक छतरपुर शहर के छत्रसाल चौराहे स्थित कंचन स्वीट्स पहुंचे। उस वक्त दुकानदार अशोक अग्रवाल दुकान बंद करने की तैयारी कर रहे थे। बाबा को सामने देखकर वे हैरान रह गए। बाबा ने गाड़ी रुकवाई और बिना किसी औपचारिकता के सीधे दुकान के भीतर पहुंचे। वे सेठ की गद्दी पर बैठ गए और पहले छेना रसगुल्ले, फिर रसमलाई का स्वाद लिया। दुकानदार ने तिलक कर माला पहनाई और आशीर्वाद प्राप्त किया।
इसके बाद बाबा ने दुकानदार के बेटे को गले लगाकर आशीर्वाद दिया और माहौल को पूरी तरह सहज बनाते हुए मजाकिया अंदाज में गद्दी पर बैठकर आवाज लगाने लगे ‘बर्फी ले लो… पेड़ा ले लो… लड्डू ले लो… अपने-अपने भाव से।’ यह दृश्य देखकर दुकान में मौजूद लोग भावुक हो गए। लोगों का कहना था कि देश-विदेश में सनातन का संदेश देने वाले बाबा आम लोगों के बीच भी उसी सरलता से घुल-मिल जाते हैं। दुकानदार अशोक अग्रवाल ने कहा कि ‘यह हमारे जीवन का सौभाग्य है कि बाबा आधी रात खुद हमारी छोटी-सी दुकान पर आए। जिनसे मिलने के लिए लोग सालों इंतजार करते हैं, उनका यूं अचानक आना हमारे लिए अविस्मरणीय है।‘ यह पहली बार नहीं है, इससे पहले भी बाबा बागेश्वर कभी चाट तो कभी समोसे की दुकान पर आम लोगों के बीच नजर आ चुके हैं।